झारखंड में राज्यसभा की दो सीटों के लिए नामांकन प्रक्रिया चल रही है. इसी क्रम में सोमवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के प्रत्याशी और पूर्व मंत्री बैजनाथ राम ने नामांकन दाखिल कर दिया. बैजनाथ राम ने विधानसभा में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और कई अन्य मंत्रियों की मौजूदगी में विधानसभा सचिव रंजीत कुमार को अपना नामांकन पत्र सौंपा.
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बैजनाथ राम के अलावा कांग्रेस प्रत्याशी प्रवीण झा और निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नथवानी ने भी बीजेपी विधायकों के साथ विधानसभा पहुंचकर अपना नामांकन दाखिल कर दिया है.
झारखंड में राज्यसभा की दो सीटों पर चुनाव हो रहे हैं. पहली सीट जेएमएम के दिग्गज नेता शिबू सोरेन के निधन के बाद खाली हुई थी. वहीं, दूसरी सीट बीजेपी सांसद दीपक प्रकाश का छह साल का कार्यकाल 21 जून को पूरा होने की वजह से रिक्त हो रही है.
विधानसभा का संख्याबल
झारखंड विधानसभा के मौजूदा आंकड़ों के अनुसार, इंडिया ब्लॉक के पास कुल 56 सदस्य हैं, जिनमें जेएमएम के 34, कांग्रेस के 16, राजद के 4 और भाकपा (माले) के 2 विधायक शामिल हैं. सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) अपने 34 विधायकों के दम पर जीत के लिए जरूरी 28 मतों के आंकड़े से 6 मत अधिक होने के कारण अपनी एक सीट को लेकर पर पूरी तरह आश्वस्त है. राज्य में चल रही हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली इंडिया गठबंधन सरकार को कुल 56 विधायकों का मजबूत समर्थन प्राप्त है, जिससे गठबंधन की दूसरी सबसे बड़ी पार्टी होने के नाते 16 विधायकों वाली कांग्रेस भी दूसरे उम्मीदवार के रूप में मैदान में उतरेगी.
कांग्रेस को जीत के लिए अतिरिक्त 12 मतों का जुगाड़ करना होगा, जिसके लिए उसे जेएमएम के बचे हुए अतिरिक्त वोटों और गठबंधन के अन्य विधायकों से पूरी उम्मीद है. इसके विपरीत, विपक्षी राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के पास कुल 24 विधायक मौजूद हैं, जिससे उसके स्थानीय उम्मीदवार को जीत के जादुई आंकड़े तक पहुंचने के लिए केवल 4 और विधायकों के समर्थन की आवश्यकता होगी.
18 जून को होगी वोटिंग
आपको बता दें कि राज्यसभा चुनाव की प्रक्रिया एक जून से शुरू हुई है और 18 जून को मतदान होगा. सोमवार को नथवानी भी नामांकन करने पहुंचे, जिन्हें भाजपा विधायकों का साथ मिलता दिखा. अब सबकी नजरें 18 जून के चुनावी नतीजों और क्रॉस वोटिंग की संभावनाओं पर टिकी हैं.
सत्यजीत कुमार