अमेरिका में भारत विरोधी इल्हान उमर से राहुल गांधी की मुलाकात पर विवाद, बीजेपी ने घेरा

अमेरिका में भारत विरोधी इल्हान उमर से राहुल गांधी की मुलाकात पर बीजेपी की राष्ट्रीय प्रवक्ता संजू वर्मा का कहना है कि राहुल गांधी सत्ता में आने के लिए उतावले हैं. इसी उतावलेपन की वजह से ही कोई कट्टरपंथी इस्लामिक इल्हन उमर से मुलाकात कर सकता है. 

Advertisement
इल्हान उमर के साथ राहुल गांधी इल्हान उमर के साथ राहुल गांधी

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 11 सितंबर 2024,
  • अपडेटेड 11:23 AM IST

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी अमेरिका के तीन दिनों के दौरे पर हैं. इस दौरान राहुल गांधी ने अमेरिकी सांसदों के एक प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की. इस मुलाकात की कुछ तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं, जिन पर विवाद हो गया है. इन तस्वीरों में राहुल गांधी के साथ भारत विरोधी इल्हान उमर नजर आ रही हैं. अब बीजेपी ने इसे लेकर राहुल गांधी पर निशाना साधा है.

Advertisement

बीजेपी की राष्ट्रीय प्रवक्ता संजू वर्मा का कहना है कि राहुल गांधी सत्ता में आने के लिए उतावले हैं. इसी उतावलेपन की वजह से ही कोई कट्टरपंथी इस्लामिक इल्हान उमर से मुलाकात कर सकता है. 

बीजेपी नेता निशिकांत दुबे ने कहा कि लाल घेरे में यह महिला अमेरिका में डेमोक्रेटिक पार्टी की नेता इल्हान उमर है, जो खालिस्तान और कश्मीर को अलग देश बनाने का लगातार समर्थन करती हैं. अभी अमेरिका में राहुल गांधी जी इसी एजेंडे के लिए समर्थन जुटा रहे हैं.

बीजेपी प्रवक्ता अमित मालवीय ने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अमेरिका में इल्हान उमर से मुलाकात की है. इल्हान भारत विरोधी, कट्टरपंथी इस्लामिक और आजाद कश्मीर की पैरोकार है. यहां तक कि इस मुलाकात को लेकर पाकिस्तान के नेता भी चौकन्ना होंगे. कांग्रेस अब खुलकर भारत के खिलाफ काम कर रही है.

Advertisement

यह मुलाकात वॉशिंगटन डीसी में रेबर्न हाउस ऑफिस बिल्डिंग में हुई. इस बैठक की मेजबानी कांग्रेसमैन ब्रेडली जेम्स शर्मन ने की. इस प्रतिनिधिमंडल में इल्हान उमर के अलावा सीनेटर जोनाथन जैकसन, सीनेटर रो खन्ना, सीनेटर राजा कृष्णमूर्ति, सीनेटर बारबरा ली, सीनेटर, श्री थानेदार, जीसस जी. गार्सिया, सीनेटर हैंक जॉनसन और जैन स्काकोवस्की शामिल हैं.

कौन हैं इल्हान उमर?

इल्हान उमर अमेरिकी सांसद हैं. वह 2019 से अमेरिकी कांग्रेस की डेमोक्रेट सदस्य हैं. वे पहली अफ्रीकी शरणार्थी हैं जो चुनाव जीतकर अमेरिकी संसद पहुंचीं. वे संसदीय सीट पर चुनाव जीतने वालीं पहली अश्वेत महिला भी हैं. वे अमेरिकी संसद पहुंचने वाली पहली दो मुस्लिम-अमेरिकी महिलाओं में भी शामिल हैं. वह अमेरिका में अपने इजरायल विरोधी रुख की वजह से जानी जाती हैं.

इल्हान ने साल 2022 में पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) का दौरा किया था. उसी दौरे को लेकर अमेरिका की सालाना रिपोर्ट से पता चला था कि पाकिस्तान ने इल्हान के इस दौरे को फंड किया था. रिपोर्ट में बताया गया था कि पाकिस्तान सरकार ने 18 से 24 अप्रैल के इल्हान उमर के दौरे को फंड किया था. इसमें उनके रहने से लेकर खाने तक का खर्चा भी शामिल था.

इल्हान को उनके भारत विरोधी विचारों के लिए जाना जाता है. उन्होंने पीएम मोदी के अमेरिकी संसद में दिए गए भाषण का बहिष्कार भी किया था. बता दें कि इल्हान उमर भारत के खिलाफ कई बार विदेशी मंचों से आलोचना कर चुकी हैं. वे भारत को अल्पसंख्यक विरोधी भी बता चुकी हैं. एक बयान में बाइडेन प्रशासन पर निशाना साधते हुए इल्हान उमर ने कहा था कि भारत में लंबे समय से मुस्लिम अल्पसंख्यकों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. उन्होंने तब यहां तक कह दिया था कि भारत में मुस्लिम होना अपराध जैसा है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »