गुरुग्राम: विदेश मंत्रालय की चिट्ठी के बाद कबूतरबाजी का मामला दर्ज

विदेश मंत्रालय के आदेश के बाद हरकत में आई गुरुग्राम पुलिस ने कंपनी पर मामला दर्ज कर जांच शुरू. इंसाफ के लिए एक साल से भटकते परिवार कहानी. 2017 में श्रीलंका में हुई थी रक्षपाल की मौत. पुलिस को श्रीलंका से पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार है.

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रक्षपाल की पत्नी रक्षपाल की पत्नी

विवेक पाठक / तनसीम हैदर

  • गुरुग्राम,
  • 02 अगस्त 2018,
  • अपडेटेड 6:57 AM IST

विदेश मंत्रालय ने गुरुग्राम पुलिस को पत्र लिखकर लोगों को विदेश भेजने वाली फर्जी कंपनी के खिलाफ मामला दर्ज कर कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं.

दरअसल एक साल पहले श्रीलंका में गुरुग्राम के रहने वाले 28 वर्षीय रक्षपाल की संदिग्ध मौत के बाद जब उसका पार्थिव शरीर भारत लाया गया तब उसे श्रीलंका भेजने वाली इम्पेकेबल नाम की एक कंपनी की तरफ से पूरे मामले में लापरवाही और बगैर सत्यापित दस्तावेज के आधार रक्षपाल को श्रीलंका भेजने की बात सामने आई थी. यह भी सामने आया था कंपनी के पास ऐसा कोई लाइसेंस तक मौजूद नहीं है जिसके आधार पर किसी को विदेश भेजा जा सके.

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अब विदेश मंत्रालय के पत्र के बाद हरकत में आई गुरुग्राम पुलिस ने भी मृतक रक्षपाल की पत्नी की शिकायत पर मामला दर्ज मामले की तफ्तीश शुरू कर दी है. 

बता दें कि गुरुग्राम के गांव डूंडाहेड़ा की रहने वाली सरवन देवी के पति रक्षपाल को दिल्ली के करोल बाग स्थित न्यू रोहतक रोड पर एक कंपनी जिसका कॉरपोरेट ऑफिस गुरुग्राम के पालम विहार में है को श्रीलंका में नौकरी के नाम पर भेजा था. जहां 14 अगस्त 2017 को संदिग्ध परिस्थितियों में रक्षपाल की मौत हो गई. वही रक्षपाल की मौत के 6 महीने बाद भी एजेंसी की तरफ से पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट नहीं दी गई. एजेंसी की तरफ से जो फोटो रक्षपाल के परिवार को दी गई उसमें चेहरे पर चोट के निशान थे.

से एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई करने के साथ ही मदद की गुहार लगाई. वहीं पालम विहार थाना प्रभारी विक्रम कि मानें तो विदेश मंत्रालय से आई शिकायत के आधार पर एफआईआर दर्ज की गई है, और आश्वासन दिया गया है कि मामले की जांच कर एजेंसी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

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आपको बता दें कि विदेश भेजने के नाम पर हुई धोखाधड़ी के गुरुग्राम के विभिन्न थानों में बीते 24 घंटे में 5 मामले दर्ज़ किए गए है. सभी मामलों में मध्यम वर्गीय परिवार से ताल्लुक रखने वाले व्यक्तियों के साथ फर्जी दस्तावेजों के आधार पर विदेश भेजने की बात सामने आई है.

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