सैफ-करीना ने तैमूर के पैदा होने से पहले ही तय कर लिया था उसका स्कूल

सैफ और करीना अपने बेटे की स्कूलिंग को लेकर प्लानिंग कर चुके हैं. उन्होंने पहले ही तय कर लिया था कि वे दुनिया के किस देश में अपने बेटे की स्कूलिंग चाहते हैं.

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बेटे तैमूर के साथ सैफ और करीना बेटे तैमूर के साथ सैफ और करीना

महेन्द्र गुप्ता

  • नई दिल्ली,
  • 06 अक्टूबर 2017,
  • अपडेटेड 4:44 PM IST

सैफ अली खान और करीना कपूर खान के बेटे तैमूर सेलेब्र‍िटी की तरह ट्रीट किए जा रहे हैं. अकसर तैमूर की तस्वीरें खबरों में रहती हैं, लेकिन इस बार कारण कुछ अलग है.

सैफ और करीना ने पहले ही तय कर लिया था कि वे अपने बेटे तैमूर को पढ़ने के लिए इंग्लैंड भेजेंगे. तैमूर वहां बोर्डिंग स्कूल में दाखिला लेगा. सैफ ने अपने एक इंटरव्यू में कहा, 'तैमूर की आंखों में मासूमियत है. इसमें कोई शक नहीं है कि मैं उसके प्रति चिंतित हूं. मैं और करीना पहले ही स्टारडम पर बातचीत कर चुके हैं, जो कि उसके आसपास पहले से ही है. हमने पहले ही तय कर लिया था कि तैमूर को इंग्लैंड के किसी अच्छे बोर्डिंग स्कूल में पढ़ाएंगे. उम्मीद है कि हमारा ये प्लान कामयाब होगा. परिवार में ऐसा सबने किया है.'

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तैमूर के बड़े होने के साथ-साथ उसकी खाने को लेकर पसंद-नपसंद भी विकसित हो रही है. हम आपको बता रहे हैं कि सैफ-करीना के लाडले तैमूर को खाने में क्या पसंद है? तैमूर जबसे पैदा हुए हैं हर किसी के फेवरेट बने हुए हैं. हर कोई जानना चाहता है कि वो क्या खाते हैं, कब हंसते हैं, कब रोते हैं, क्या पहनते हैं.

एक इंटरव्यू में सैफ ने तैमूर से जुड़े कई राज खोले थे. उन्होंने कहा, फिल्म प्रेमोशन की वजह से मैं 3 दिन से तैमूर से मिल नहीं पाया. तैमूर के मनपसंद खाने के बारे में सैफ ने कहा, इन दिनों उन्हें मैस्ड नाशपाती और कैरट पसंद है. पहली बार उन्होंने जब दूध के बाद स्वादिष्ट खाना खाया तो उनके एक्प्रेशन देखने लायक थे. हम तैमूर को दाल और मिक्स आलू देते हैं. उन्हें यह डिश बेहद पसंद है. उन्हें खाना खिलाना भी एक मजेदार टास्क है.

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सैफ और करीना कोशिश करते हैं कि दोनों में से कोई एक तैमूर के साथ रहे. सैफ ने DNA को दिए इंटरव्यू में कहा, मैं तैमूर को सुबह 7 बजे से उठाना शुरू कर देता हूं. उसके बाद वह अपना खाना खत्म करता है. आजकल तैमूर ने हैवी खाना लेना शुरू कर दिया है. इस दौरान हम 20 मिनट साथ बिताते हैं. इस बीच मैं तैमूर को कुछ पढ़कर सुनाता हूं, कभी गाने या नर्सरी राइमिंग.

तैमूर के दिन की शुरूआत आरती सुनने से होती है. यह उसकी नैनी का आइडिया है. अगर मैं रात को 8 बजे तक घर आ जाता हूं तो वह उठा होता है. फिर हम 20 मिनट साथ में बिताते हैं. तैमूर का दिन भजन से शुरू होता है और चोपिन से खत्म.

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