उलेमा-ए-हिंद ने कहा- 'पद्मावती में खिलजी को गलत तरीके से दिखाया, मुसलमान विरोध करें'

नदीम-उल-वजदी ने कहा कि फिल्म में खिलजी को गलत तरीके से दिखाया गया है. मुसलमानों से इसका विरोध करना चाहिए.

Advertisement
पद्मावती में अलाउद्दीन खिलजी के रोल में रणवीर सिंह पद्मावती में अलाउद्दीन खिलजी के रोल में रणवीर सिंह

स्वाति पांडे

  • नई दिल्ली,
  • 30 नवंबर 2017,
  • अपडेटेड 1:42 PM IST

संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावती' में रानी पद्मावती के गलत चित्रण के आरोप के बाद अब तंजीम-उलेमा-ए-हिंद के प्रेसिडेंट नदीम-उल-वजदी ने अलाउद्दीन खिलजी की छवि खराब करने का आरोप लगाया है. नदीम-उल-वजदी ने कहा कि फिल्म में खिलजी को गलत तरीके से दिखाया गया है. मुसलमानों से इसका विरोध करना चाहिए.

नदीम-उल-वजदी के मुताबिक फिल्म के जरिए खिलजी को बदनाम करने की कोशिश हुई है. पद्मावती का किरदार सुल्तान खिलजी के इंतकाल के 250 साल बाद का है. उन्होंने कहा, राजपूतों को नहीं, बल्कि मुसलमानों को इस फिल्म का विरोध करना चाहिए.

Advertisement

गौरतलब है कि फिल्म की शूटिंग की शुरुआत से ही फिल्म विवादों में घिरी हुई है. श्री करणी सेना और दूसरे संगठनों ने फिल्म के डायरेक्टर संजय लीला भंसाली पर इतिहास के तथ्यों के साथ छेड़छाड़ का आरोप लगाया है. उनका कहना है कि फिल्म में रानी पद्मावती की गलत छवि पेश की गई है. फिल्म के रिलीज हुए घूमर गाने पर पर लोगों ने आपत्ति जता दी. उनका मानना है कि उस समय महिलाएं अपना शरीर नहीं दिखाती थीं.

भंसाली और प्रसून जोशी की भंसाली की संसदीय कमिटी के सामने पेशी

गुरुवार को डायरेक्टर संजय लीला भंसाली और सेंसर बोर्ड के अध्यक्ष प्रसून जोशी को संसद की इन्फॉर्मेशन और टेक्नॉलजी कमेटी के सामने पेश होना था, जहां वो अपना पक्ष रखेंगे. मीटिंग में प्रसून जोशी पहुंच चुके हैं.

प्रवीण तोगड़िया ने फिल्म बैन करने की मांग उठाई

Advertisement

सुप्रीम कोर्ट की फटकार के बावजूद पद्मावती पर लोगों की बयानबाजी थमने का नाम नहीं ले रही. विश्व हिंदू परिषद के नेता प्रवीण तोगड़िया ने पद्मावती पर हमला करते हुए कहा कि केंद्र सरकार फिल्म पर रोक लगाए नहीं तो सिनेमा घर में जो होगा वो इतिहास देखेगा.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »