SP सलविंदर सिंह से चौथे दिन NIA ने की पूछताछ

सलविंदर ने दावा किया था कि पठानकोट हमले में शामिल आतंकवादियों की ओर से अगवा किए जाने से पहले वह दरगाह गए थे. कहा जा रहा है कि वह बार-बार अपना बयान बदल रहे हैं. आने समय में एसपी, उनके दोस्त और कुक को एक साथ बैठाकर पूछताछ की जा सकती है.

Advertisement
एसपी सलविंदर सिंह एसपी सलविंदर सिंह

मुकेश कुमार

  • नई दिल्ली,
  • 14 जनवरी 2016,
  • अपडेटेड 8:04 PM IST

पठानकोट हमले की जांच के सिलसिले में एनआईए ने गुरदासपुर के तत्कालीन एसपी सलविंदर सिंह से गुरुवार को चौथे दिन भी पूछताछ की. इसके साथ ही एनआईए अफसरों ने सलविंदर के कुक और पंज पीर दरगाह के रखवाले से भी पूछताछ की है.

सलविंदर ने दावा किया था कि पठानकोट हमले में शामिल आतंकवादियों की ओर से अगवा किए जाने से पहले वह दरगाह गए थे. कहा जा रहा है कि वह बार-बार अपना बयान बदल रहे हैं. आने वाले समय में एसपी, उनके दोस्त और कुक को एक साथ बैठाकर पूछताछ की जा सकती है.

Advertisement

सूत्रों के मुताबिक, इसस पहले हुई पूछताछ में सलविंदर ने बताया था कि आतंकवादियों को ड्रग माफिया समझकर उनकी मदद की थी. उनको आतंकवादियों की पहचान नहीं थी. उन्हें लग रहा था कि आतंकवादी ड्रग सिंडिकेट का हिस्सा हैं. इसलिए वह उन्हें सीमा पार करने में मदद करने के लिए गया था.


एनआईए ने गुरदासपुर के एसपी सलविंदर सिंह के सीडीआर से कई नंबरों की पहचान की है, जो ड्रग तस्करी से जुड़े हुए हैं. हालांकि, सलविंदर इन्हें मुखबिर बता रहे हैं, लेकिन एनआईए इस एंगल से जांच कर रही है कि ये नंबर ड्रग तस्करों के हैं. उस दिन वह वहां ड्रग तस्करों की घुसपैठ के लिए मौजूद थे.


पठानकोट में हुए हमले के बाद से ही एसपी सलविंदर सिंह ने शक के घेरे में हैं. एसपी, उनके दोस्त और कुक के बयानों के बीच विरोधाभास है. सवाल ये भी है कि टैक्सी ड्राइवर की हत्या करने वाले आतंकियों ने उन्हें बिना गंभीर नुकसान पहुंचाए कैसे छोड़ दिया. वह बिना हथियार क्यों निकले थे.

Advertisement


इससे पहले एक बयान में एसपी ने कहा था कि वह खुद पीड़ित हैं, संदिग्ध नहीं. उनको गंभीर चोटें लगी थीं. पठानकोट के कोलिआं मोड़ पर अचानक आतंकी उनकी गाड़ी में घुस गए. उन्होंने अंदर की लाइट बंद करने के लिए कहा. उन्हें पीछे धकेल दिया. सभी आतंकियों के गन प्वाइंट पर थे.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement