Madhukranti Portal: देश की अर्थव्यवस्था काफी हद तक खेती-किसानी पर रही निर्भर है. अर्थव्यवस्था में वृद्धि लाने के लिए किसानों के आय में इजाफा लाना सबसे अहम हो जाता है. इसी कड़ी में हाल के सालों में खेती-किसानी को लेकर तरह-तरह की योजनाएं भी लॉन्च की गई है.
शहद उत्पादन में बढ़िया मुनाफा
किसानों की आय बढ़ पाए, इसके लिए उन्हें अन्य ग्रामीण व्यवसायों को भी अपनाने के लिए प्रोत्साहित जा रहा है. शहद उत्पादन भी इन्हीं व्यवसायों में से एक है. इस व्यवसाय को शुरू करने के लिए किसानों को सरकार की तरफ से सब्सिडी भी दी जाती है. इसी कड़ी में एनबीबी की तरफ से मधु उत्पादों को ऑनलाइन उपलब्ध कराने के लिए मधु क्रांति पोर्टल की शुरुआत की गई थी.
मधुक्रांति पोर्टल का लाभ
इस पोर्टल के माध्यम से हनी फार्मिंग करने वाले किसान अपने शहद को आसानी अच्छे दाम पर बेच पाएंगे, उन्हें मार्केट खोजने के लिए ज्यादा मशक्कत नहीं करनी पडे़गी. इससे किसानों की आय में भी वृद्धि होगी. इसके अलावा मधुमक्खी पालन से संबंधित किसी भी तरह की जानकारी को इस पोर्टल के माध्यम से हासिल किया जा सकता है.
Ministry of Agriculture & Farmers Welfare has developed an online Portal i.e. "Madhukranti Portal" to maintain traceability records of honey & other beehive products.#waxproducts #Honeyproduction #honeybee #atmanirbharBharat #Honeyexport #workshoponhoney2022 #pollinator #Honey pic.twitter.com/zifH6E2p8N
— Agriculture INDIA (@AgriGoI) August 30, 2022
भारत शहद का सबसे बड़ा निर्यातक
मिनिस्ट्री ऑफ एग्रीकल्चर और फार्मर वेलफेयर के मुताबिक इस वक्त देश में लगभग 1,33,200 मीट्रिक टन शहद का उत्पादन हो रहा है. भारत दुनिया के प्रमुख शहद निर्यातक देशों में से एक है. इस साल तक 74,413 मीट्रिक टन शहद का निर्यात किया है. भारत में 50% से अधिक शहद उत्पादन अन्य देशों को निर्यात किया जा रहा है.
आसानी से कर सकते हैं रजिस्ट्रेशन
किसान मधु क्रांति पोर्टल पर आसानी से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं. इसके बाद दिए गए कई तरह के रजिस्ट्रेशन के विकल्प आपके होमपेज पर खुलकर सामने आ जाएंगे. इसपर रजिस्ट्रेशन करने के बाद आपको यहां से शहद बेचने से लेकर खरीदने तक विकल्प मिल जाएगा. इससे आपको घर बैठे शहद बेचने के लिए बाजार मिल जाएगा. इससे शहद को बाजार तक पहुंचाने का खर्च और बेचने के लिए मशक्कत में कमी आएगी.