राष्ट्रपति पद के प्रबल उम्मीदवार प्रणब मुखर्जी को उनकी उम्मीदवारी को नकार चुकीं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री और त्रिणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष ममता बनर्जी से अभी भी समर्थन की उम्मीद है.
राष्ट्रपति पद के लिए संप्रग के उम्मीदवार प्रणब मुखर्जी ने गुरुवार को कहा कि उन्हें उम्मीद है कि राष्ट्रपति चुनाव में उन्हें पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री व तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष ममता बनर्जी का समर्थन मिलेगा.
मुखर्जी ने कहा, 'हमें उम्मीद है कि वह (बनर्जी) मेरा समर्थन करेंगी. हमें बताया गया है कि वह मतदान से कुछ दिन पूर्व अपना फैसला हमें बता देंगी.'
यह पूछे जाने पर कि उनके प्रतिद्वंद्वी पी ए संगमा ने उनके नामांकन के खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय जाने की धमकी दी है, इस पर मुखर्जी ने कहा कि पीठासीन अधिकारी और निर्वाचन आयोग ने इन याचिकाओं को पहले ही खारिज कर दिया है.
मुखर्जी यहां राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रमुख लालू यादव और लोक जनशक्ति पार्टी (लोजपा) के अध्यक्ष रामविलास पासवान के साथ संवाददाता सम्मेलन को सम्बोधित कर रहे थे.
झारखण्ड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के अध्यक्ष शिबू सोरेन ने कहा कि देश मुखर्जी को राष्ट्रपति के रूप में देखना चाहता है.
मुखर्जी ने झामुमो और ऑल झारखण्ड स्टूडेंट्स यूनियन (आजसू) के अध्यक्ष सुदेश महतो से मुलाकात की. दोनों ही दल राज्य में सत्ताधारी गठबंधन में शामिल हैं.
मुखर्जी ने पूर्व मुख्यमंत्री व झारखण्ड विकास मोर्चा-प्रजातांत्रिक के अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी से भी मुलाकात की. मरांडी पहले ही मुखर्जी का समर्थन करने का ऐलान कर चुके हैं.