उत्तराखंड का एक छोटा सा जिला, जो विकास से कोसों दूर है, जिसकी चर्चा राष्ट्रीय स्तर भी कभी-कभी ही होती थी. वो जिला खास हो गया है, क्योंकि हिंदुस्तान की सुरक्षा की जिम्मेदारी जिन कंधों को सौंपी गई है, उनका बचपन इसी जिले के गांव में बीता है. देखिए बिपिन रावत और अनिल धस्माना के चीफ बनने तक का इतिहास.