माफिया से राजनीति में आए अरुण गवली को मंगलवार को 15 दिन की पैरोल पर नागपुर जेल से रिहा कर दिया गया. वह साल 2008 के शिवसेना पार्षद हत्याकांड में उम्रकैद की सजा भुगत रहा है.
बंबई हाई कोर्ट ने गवली को 15 दिन का पैरोल दिया. हालांकि उसने 9 मई को उसके बेटे की शादी में शामिल होने के लिये 30 दिन का पैरोल मांगा था. गवली दोपहर करीब दो बजे जेल से बाहर आया.
नागपुर जेल के एक अधिकारी ने बताया, ‘गवली को आज 15 दिन के पैरोल पर रिहा किया गया. उसे 21 मई को जेल वापस लौटना है. पैरोल की अवधि में उसे हर एक दिन छोड़कर मुंबई के एग्रीपाडा पुलिस थाने में रिपोर्ट करना है.’
गवली को शिवसेना पार्षद कमलाकर जामसांदकर हत्याकांड में अगस्त 2012 को मकोका कानून के तहत 11 अन्य लोगों के साथ उम्रकैद की सजा सुनाई गई थी.
(इनपुट: भाषा)