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पेमा खांडू होंगे अरुणाचल प्रदेश के नए मुख्यमंत्री, 29 मई को लेंगे शपथ

लोकसभा चुनाव के साथ ही हुए विधानसभा चुनाव में पूर्वोत्तर के अरुणाचल प्रदेश में बीजेपी ने शानदार जीत दर्ज की थी. अरुणाचल प्रदेश में 'मिशन 60 प्लस 2' (60 विधानसभा और 2 लोकसभा) का लक्ष्य लेकर चल रही बीजेपी ने विधानसभा की 60 सीटों पर हुए चुनाव में बहुमत हासिल करते हुए 41 सीटों पर जीत दर्ज की थी.

पेमा खांडू (फोटो - @PemaKhanduBJP) पेमा खांडू (फोटो - @PemaKhanduBJP)

अरुणाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव में पहली बार ऐतिहासिक जीत करने वाली भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने राज्य के नए सीएम के नाम का ऐलान कर दिया है. अरुणाचल में बीजेपी को जीत दिलाने में सबसे अहम भूमिका निभाने वाले पेमा खांडू राज्य के अगले मुख्यमंत्री होंगे. इस फैसले की जानकारी बीजेपी के वरिष्ठ नेता किरण रिजिजू ने ट्वीट कर दी. पेमा खांडू 29 मई को अरुणाचल प्रदेश के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे.

बता दें कि लोकसभा चुनाव के साथ ही हुए विधानसभा चुनाव में पूर्वोत्तर के इस राज्य में बीजेपी ने शानदार जीत दर्ज की थी. अरुणाचल प्रदेश में 'मिशन 60 प्लस 2' (60 विधानसभा और 2 लोकसभा) का लक्ष्य लेकर चल रही बीजेपी ने विधानसभा की 60 सीटों पर हुए चुनाव में बहुमत हासिल करते हुए 41 सीटों पर जीत दर्ज की थी. वहीं कांग्रेस को सिर्फ 4 सीटों से संतोष करना पड़ा था. एनडीए की सहयोगी और बिहार के सीएम नीतीश कुमार की पार्टी जेडीयू ने भी इस पहाड़ी राज्य में बेहतर प्रदर्शन करते हुए 7 सीटों पर कब्जा जमा लिया था.

अरुणाचल में अगर बीजेपी के वोट शेयर की बात करें तो बीजेपी को 50.94 फीसदी वोट मिले जबकि कांग्रेस को 17.14 फीसदी वोट शेयर मिला. बीजेपी ने राज्य की दोनों लोकसभा सीटों पर भी भारी मतों से जीत दर्ज की थी.

साल 2016 में कांग्रेस छोड़ बीजेपी में आए थे पेमा खांडू

अरुणाचल की राजनीति में बीजेपी को उस वक्त बड़ा फायदा मिला जब पेमा खांडू कांग्रेस और पीपीए छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए थे. साल 2016 के सितंबर महीने में इस पहाड़ी राज्य की राजनीति में बड़ा उलटफेर हुआ था. कांग्रेस के 43 विधायकों ने एक साथ पार्टी छोड़ दी थी और मुख्यमंत्री पेमा खांडू के साथ पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल (PPA) में शामिल हो गए.

सियासी संकट के लिए चर्चित अरुणाचल प्रदेश में इसके तीन महीने बाद ही दिसंबर महीने में राजनीति बदल गई और पीपीए के अध्यक्ष काहफा बेंगिया ने सीएम खांडू पर पार्टी विरोधी काम करने का आरोप लगाते हुए उन्हें और पांच दूसरे विधायकों को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर दिया.

इसके तुरंत बाद राज्य के सीएम पेमा खांडू की अगुवाई में पीपुल्स पार्टी ऑफ अरुणाचल (पीपीए) के 43 में से 33 विधायकों ने बीजेपी का दामन थाम लिया. बीजेपी ने इसके बाद पहली बार राज्य में सरकार बनाने का दावा पेश कर दिया और पेमा खांडू ने विधानसभा अध्यक्ष तेजिंग नोरबू थोंकदोक के सामने विधायकों की परेड करा दी.

बीजेपी में शामिल होने के बाद और मुख्यमंत्री बनने के बाद साल 2016 में पेमा खांडू ने पत्रकारों से कहा था कि आखिरकार अरुणाचल प्रदेश में कमल खिल ही गया. अब राज्य के लोग नए साल और नई सरकार में नई सुबह देखेंगे. उन्होंने बीजेपी में शामिल होने के सवाल पर इसे राज्य हित में लिया गया फैसला बताया था.

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