चीन भारत को दो बुलेट ट्रेन देने के लिए बेकरार

चीन भारतीय रेलों के नवीकरण और आधुनिकीकरण पर भारी रकम लगाने को तत्पर है. वह भारत को तेज रफ्तार ट्रेन देने के अलावा दो रूटों पर बुलेट ट्रेन शुरू कराने का इच्छुक है.

Advertisement
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 15 सितंबर 2014,
  • अपडेटेड 12:18 PM IST

चीन भारतीय रेलों के नवीकरण और आधुनिकीकरण पर भारी रकम लगाने को तत्पर है. वह भारत को तेज रफ्तार ट्रेन देने के अलावा दो रूटों पर बुलेट ट्रेन शुरू कराने का इच्छुक है. चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग भारत में तेज रफ्तार ट्रेनों की रेल पटरियों को बिछाने से लेकर नई ट्रेनें भी देने को उत्सुक हैं. चीन के पास अतिरिक्त धन बहुत बड़ी मात्रा में है और वह भारतीय रेल के आधुनिकीकरण पर 100 अरब से 300 अरब डॉलर तक लगाने का इच्छुक है. इस पैसे से वह ट्रेनों की स्पीड बढ़ाने से लेकर बड़ी परियोजनाओं में पैसे लगाने तक को तैयार है.

Advertisement

लेकिन चीन की सबसे ज्यादा दिलचस्पी बुलेट ट्रेन में है. इस परियोजना के लिए वह सारी रकम लगाने के अलावा तकनीकी जानकारी भी देने को तैयार है. वह बुलेट ट्रेन की पटरियां बिछाने से लेकर पूरी ट्रेन तक मुहैया कराने को तैयार है. अब चूंकि मुबंई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन का काम जापान को मिलने की संभावना है, चीन दो अन्य बुलेट ट्रेन, बेंगलुरु-चेन्नई और बेंगलुरु-मुंबई के लिए पूरी मदद देने को तैयार है. इन दोनों ट्रेनों के लिए वह न केवल धन देगा बल्कि टेक्नोलॉजी और ट्रेन भी देगा.

चीन भारत में ट्रेनों की गति बढ़ाने वाली महत्वाकांक्षी योजना के लिए भी धन देगा. मोदी सरकार की इच्छा है कि देश में 160 से 180 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से ट्रेनें चलाई जाएं. इसके लिए चीन धन और टेक्नोलॉजी दोनों ही देने को तैयार है. चीन चाहता है कि भारत उसे बड़ा काम दे.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »