दक्षिण चीन सागर में ड्रैगन की साजिश से आसियान देश खफा, कहा- भरोसा खत्म, तनाव बढ़ा

चीन अपनी विस्तारवादी और आक्रामक नीति के चलते अपने पड़ोसी देशों का ही दुश्मन बन गया है. इसके चलते दक्षिण चीन सागर क्षेत्र में तनाव गहराने का खतरा मंडरा रहा है. आसियान देशों ने इसके साफ संकेत भी दिए हैं.

Advertisement
चीन की हरकत से आसियान देश खफा चीन की हरकत से आसियान देश खफा

राम कृष्ण

  • सिंगापुर,
  • 06 फरवरी 2018,
  • अपडेटेड 11:36 PM IST

चीन अपनी विस्तारवादी और आक्रामक नीति के चलते अपने पड़ोसी देशों का ही दुश्मन बन गया है. इसके चलते दक्षिण चीन सागर क्षेत्र में तनाव गहराने का खतरा मंडरा रहा है. आसियान देशों ने इसके साफ संकेत भी दिए हैं. मंगलवार को आसियान के सदस्य देशों के विदेश मंत्रियों ने कहा कि दक्षिण चीन सागर में चीन की लगातार दावेदारी से दावेदारों के बीच भरोसा खत्म हुआ है, जिसके चलते क्षेत्रीय तनाव बढ़ सकता है.

Advertisement

सिंगापुर में एक दिवसीय बैठक के एक दिन बाद ने चीन के खिलाफ इस बाबत बयान जारी किया है. हालांकि इसमें चीन का नाम साफ तौर पर शामिल नहीं किया गया है, लेकिन उनके निशाने पर चीन ही है. दरअसल, चीन पूरे दक्षिण चीन सागर पर अपना दावा जताता है. वह छोटे टापुओं को द्वीपों में बदल रहा है और वहां सैन्य सुविधाएं और उपकरण लगा रहा है.

मालूम हो कि आसियान के सदस्य मलेशिया, ब्रुनेई, फिलीपीन, वियतनाम और ताईवान भी दक्षिण चीन सागर पर अपना-अपना दावे जताते हैं. सिंगापुर के विदेश मंत्री विवियन बालकृष्णन ने कहा कि दक्षिण सागर क्षेत्र में चीन की गतिविधियों और भूमि पर फिर से दावेदारी पर कुछ मंत्रियों की ओर से जताई गई चिंता पर गौर किया गया. उन्होंने कहा कि दक्षिण चीन सागर विवाद को लेकर क्षेत्र में भरोसा खत्म हुआ और तनाव बढ़ा है, जिससे शांति, सुरक्षा और स्थिरता प्रभावित  सकती है.

Advertisement

अमेरिकी थिंक टैंक ने उपग्रह से प्राप्त नई तस्वीरों में विवादित द्वीपों पर रडार और अन्य उपकरण तैनात किए जाने की तस्वीरें जारी की थी, जिसके बाद दिसंबर में चीन ने वहां निर्माण को ‘सामान्य’ बताकर अपनी गतिविधि को सहगी ठहराने की नाकाम कोशिश की थी. भारत और अमेरिका भी दक्षिण चीन सागर पर चीन के निर्माण के खिलाफ हैं.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement