कानपुर लैंबॉर्गिनी मामले में SHO का हुआ ट्रांसफर, पुलिस लाइन से अटैच किए गए

कानपुर में 8 फरवरी 2026 को ग्वालटोली क्षेत्र में लैंबॉर्गिनी कार से हुए सड़क हादसे के बाद पुलिस आयुक्त ने लापरवाही के आधार पर थाना प्रभारी को लाइन हाजिर कर दिया. Rev-3 मॉल के पास बेकाबू कार से कई लोग घायल हुए. चालक के तौर पर शिवम मिश्रा का नाम सामने आया. थाने में आरोपी को कथित वीआईपी ट्रीटमेंट और बाउंसरों की मौजूदगी का वीडियो वायरल हुआ. पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

Advertisement
लैंबॉर्गिनी मामले में थाना अध्यक्ष को लाइन हाजिर किया गया है. (Photo: ITG) लैंबॉर्गिनी मामले में थाना अध्यक्ष को लाइन हाजिर किया गया है. (Photo: ITG)

सिमर चावला

  • कानपुर,
  • 09 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 9:57 PM IST

यूपी के कानपुर में लैंबॉर्गिनी कार से हुए सड़क हादसे के मामले में बड़ी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है. 8 फरवरी 2026 को ग्वालटोली थाना क्षेत्र में हुई दुर्घटना के प्रकरण में प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर पुलिस आयुक्त ने थाना ग्वालटोली के प्रभारी निरीक्षक संतोष गौड़ का ट्रांसफर कर दिया गया है और उन्हें पुलिस लाइन से अटैच कर दिया गया है.

Advertisement

बताया गया है कि रविवार शाम करीब 3:15 बजे Rev-3 मॉल के पास एक लग्जरी लैंबॉर्गिनी कार बेकाबू होकर सड़क किनारे खड़े लोगों और कई वाहनों से टकरा गई, जिससे कई लोग घायल हो गए और इलाके में अफरा-तफरी मच गई. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, कार बिजनेसमैन के.के. मिश्रा के बेटे शिवम मिश्रा चला रहे थे.

VIP ट्रीटमेंट की बात आई सामने
हादसे के बाद पुलिस कार को थाने ले गई, जहां आरोपी को कथित तौर पर “वीआईपी ट्रीटमेंट” दिए जाने के आरोप लगे. वायरल वीडियो में पुलिसकर्मी गाड़ी पर कवर डालते नजर आए, जबकि आरोपी के साथ मौजूद बाउंसर गाड़ी के पास खड़े होकर निगरानी करते दिखे. आरोप है कि बाउंसरों ने पीड़ित पक्ष के परिजनों के साथ अभद्रता भी की और यह सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ.

मामले में डीसीपी सेंट्रल अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है. एक वीडियो में हादसे के बाद आरोपी शुभम/शिवम को कार से निकलते देखा गया है, हालांकि उसका नाम एफआईआर में नहीं होने को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं. पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो और सभी तथ्यों को जांच में शामिल किया गया है और रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.

Advertisement

पीड़ित परिवार का आरोप है कि बाउंसरों ने उनसे अभद्र व्यवहार किया और यह सब पुलिस की मौजूदगी में हुआ. वायरल क्लिप में कुछ लोग गाड़ी को ढकने का विरोध करते भी दिख रहे हैं. पूरे मामले को लेकर सवाल उठ रहे हैं, जबकि पुलिस का कहना है कि सभी तथ्यों की जांच की जा रही है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »