वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में दो फीसदी से अधिक की तेजी देखी गई है. विशेषज्ञों का मानना है कि खाड़ी देशों में जहाजों की आवाजाही में जारी रुकावटों के कारण आने वाले दिनों में कच्चे तेल की सप्लाई प्रभावित हो सकती है. इसके चलते तेल बाजार में अनिश्चितता बढ़ी है और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसका प्रभाव पड़ सकता है.