प्रकृति राय भारत-तिब्बत सीमा सुरक्षा पुलिस (आईटीबीपी) की पहली महिला असिस्टेंट कमांडेंट कॉम्बैट ड्यूटी बनने जा रही हैं. भारत चीन सरहद पर महिला जवानों की तैनाती तो की जाती थी, लेकिन अधिकारियों की तैनाती नहीं होती है. अब प्रकृति राय पहली ऐसी महिला अधिकारी होंगी जो कि भारत चीन सरहद पर तैनात होंगी.
सूत्रों के मुताबिक प्रकृति राय को भारत चीन सरहद से सटे नाथू ला दर्रे के उस इलाके में तैनात किया जाएगा, जहां वर्ष भर पारा शून्य से नीचे रहता है. तैनाती से पहले प्रकृति राय को इनको मसूरी में कॉम्बैट ट्रेनिंग की खास तकनीक सिखाई जाएगी.
प्रकृति राय देश की पहली महिला असिस्टेंट कमांडेंट हैं, जिन्हें भारत चीन सरहद से सटे कुछ ऐसे दुर्गम इलाकों में सीमाओं की रक्षा करने का मौका मिल रहा है. अभी इनकी उम्र 25 साल है. प्रकृति राय की ट्रेनिंग उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में चल रही है. ट्रेनिंग के पूरा होने के बाद प्रकृति राय की तैनाती सरहद पर की जाएगी.
बता दें कि प्रकृति राय का चयन में पहली लड़ाकू अधिकारी के रूप में हुआ है. उन्होंने पहले ही प्रयास में यह सफलता हासिल की है. गृह मंत्रालय ने पहली बार आईटीबीपी में महिलाओं को कॉम्बैट ऑफिसर बनाने का निर्णय लिया जिसके बाद प्रकृति ने यूपीएससी की पहली परीक्षा पास कर ली.
यह जानकर अचंभा होगा कि भारत चीन सरहद जहां पर जवानों के लिए रहना कठिन होता है, प्रकृति राय ने अपनी सर्विस के लिए उसी को चुना, जो भारत चीन सरहद की निगरानी करता है. अपनी पहली पसंद के रूप में ITBP का विकल्प प्रकृति राय ने UPSC को दिया. सूत्रों के मुताबिक अगले साल फरवरी में प्रकृति राय की ट्रेनिंग समाप्त हो जाएगी. उसके बाद इनकी तैनाती दुर्गम इलाकों में की जाएगी.
जितेंद्र बहादुर सिंह / वरुण शैलेश