कानपुर किडनैपिंग-मर्डर केस में 4 अफसर सस्पेंड, फिरौती के 30 लाख की होगी जांच

कानपुर में लैब असिस्टेंट संजीत यादव के अपहरण और हत्या के मामले में आईपीएस अफसर अपर्णा गुप्ता, तत्कालीन डिप्टी एसपी मनोज गुप्ता समेत चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया है.

Advertisement
कानपुर पुलिस (फाइल फोटो) कानपुर पुलिस (फाइल फोटो)

नीलांशु शुक्ला

  • लखनऊ,
  • 24 जुलाई 2020,
  • अपडेटेड 3:59 PM IST

  • IPS अपर्णा गुप्ता समेत चार पुलिस अफसर सस्पेंड
  • दोस्त ने किया था संजीत का अपहरण, बाद में की हत्या

कानपुर में लैब असिस्टेंट संजीत यादव के अपहरण और हत्या के मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ी कार्रवाई की है. सीएम योगी ने आईपीएस अफसर अपर्णा गुप्ता, तत्कालीन डिप्टी एसपी मनोज गुप्ता समेत चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया है. साथ ही फिरौती के पैसे की जांच का आदेश दिया गया है.

Advertisement

कानपुर में बिकरू हत्याकांड के बीच ही कानपुर के बर्रा से एक खबर आई कि यहां लैब असिस्टेंट संजीत यादव का पहले अपहरण होता है. पुलिस के भरोसे पर परिवार गहने-जेवर बेचकर 30 लाख की फिरौती जुटाता है. 30 लाख की फिरौती भी दे दी जाती है, लेकिन पुलिस अगवा युवक को बचा नहीं पाती और उसकी हत्या हो जाती है.

संजीत यादव की बहन का आरोप है कि थानेदार से लेकर पुलिस अफसर तक सभी भाई की मौत के जिम्मेदार हैं. वहीं, पुलिस के मुताबिक अपहरण की साजिश में संजीत के ही कुछ दोस्त शामिल थे. पुलिस ने कुछ आरोपियों को गिरफ्तार कर मीडिया के सामने पेश किया. दो आरोपी महिलाओं में से भी एक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया.

पुलिस के मुताबिक, 26 जून को अपहृत संजीत यादव ने भागने की कोशिश की थी, तभी अपहरणकर्ताओं ने गला दबाकर हत्या की और 27 जून को संजीत का शव नहर में फेंक दिया. गिरफ्तारी के बाद आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल लिया है. आरोपियों ने बताया कि वो फिरौती मिलने के बाद संजीत को छोड़ने वाले थे लेकिन संजीत ने भागने की कोशिश की.

Advertisement

पुलिस के अनुसार, संजीत यादव के भागने की कोशिश के कारण आरोपियों ने उसकी हत्या कर दी. हालांकि, पुलिस ने फिरौती दिए जाने से इनकार किया है, जबकि परिवार का आरोप है कि हमने 30 लाख रुपये की फिरौत दी थी, जिसके बाद भी संजीत की हत्या कर दी गई.

पूरे मामले में पुलिस की लापरवाही एकदम साफ नजर आ रही है. मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएचओ बर्रा और चौकी इंचार्ज को निलंबित कर दिया गया. इस घटना पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने नाराजगी जताई थी और उन्होंने आईपीएस अफसर समेत चार पुलिस अधिकारियों को निलंबित कर दिया है.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement