गुलजार और भूपिंदर एक बार फिर साथ आ रहे हैं. दोनों ने मिलकर सुरमयी रात एलबम लांच की है. इस एल्बम को भूपिंदर ने अपने संगीत और सुरों से सजाया है तो गुलजार ने इसकी लिरिक्स लिखी हैं.
गुलजार और भूपिंदर एक बार फिर साथ आ रहे हैं. दोनों ने मिलकर सुरमयी रात एलबम लांच की है. इस एल्बम को भूपिंदर ने अपने सुरों से सजाया है तो गुलजार ने इसकी लिरिक्स लिखी हैं.
इस एल्बम के बारे में गुलजार कहते हैं, “मुझे रातें पसंद है. लेकिन वे गुजर जाती हैं. मैंने कुछ को शायरी में पिरोया है लेकिन भूपी के सुरों ने उनमें जान डाल दी है.”
वहीं गायक और संगीतकार भूपिंदर का कहना है, 'सुरमयी रात...बस एक रात की कहानी है...मगर दिल कहता है कि...ये कहानी कभी खत्म ही न हो. यही गुलजार साहब की शायरी का जादू भी है.'
मिताली सिंह ने भी इस कॉन्सेप्ट पर अपना इनपुट दिया है. एल्बम में आठ गीत हैं और सब रात की कहानी कहते हैं. है न मजेदार.