scorecardresearch
 

मध्यम आकार के शहरों में रोजगार के अवसर बढ़ते जा रहे हैं: सर्वेक्षण

रोजगार के अवसर अब सिर्फ महानगरों तक ही सीमित नहीं हैं. मध्यम और छोटे शहरों में भी अब कंपनियां रोजगार देने लगी हैं. एक आर्थिक पत्र ने एक सर्वेक्षण के माध्यम से यह बताया है.

Advertisement
X
Symbolic Image
Symbolic Image

रोजगार के अवसर अब सिर्फ महानगरों तक ही सीमित नहीं हैं. मध्यम और छोटे शहरों में भी अब कंपनियां रोजगार देने लगी हैं. एक आर्थिक पत्र ने एक सर्वेक्षण के माध्यम से यह बताया है.

पत्र के मुताबिक अब रोजगार बड़े शहरों से छोटे शहरों में शिफ्ट करने लगा है. उसका कहना है कि टायर टू और टायर थ्री शहर में अभी 15 प्रतिशत रोजगार हैं लेकिन भविष्य में यहां रोजगार के अवसर बढ़ेंगे.

पिछले एक साल में शीर्ष 10 रोजगार देने वाले शहरों में जयपुर, चंडीगढ़, नाशिक, लखनऊ और अहमदाबाद हैं. इन शहरों में पिछले चार महीनों में रोजगार के अवसरों में 2 से 5 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है. किसी भी महानगर में इतनी बढो़तरी नहीं देखी गई.

सर्वे में कहा गया है कि छोटे शहरों में और रोजगार के पक्ष में तमाम तर्क हैं. महानगरों में भीड़भाड़ बढ़ती जा रही है, इन्फ्रास्ट्रक्चर की लागत ऊंची है और महंगाई भी ज्यादा है. इन सबसे टायर टू और टायर थ्री शहरों में कंपनियों की दिलचस्पी बढ़ती जा रही है. वहां श्रम की लागत भी कम है, सरकारी नीतियां भी लचीली हैं, अब इन्फ्रास्ट्रक्चर भी बेहतर है और निवेश को बढ़ावा देने वाली सरकारी नीतियां भी हैं.

Advertisement

इन शहरों में ट्रैवेल, टूरिज्म, मैन्युफैक्चरिंग, इंजीनियरिंग, ऑटोमोबाइल, बैंकिंग वगैरह के क्षेत्र में नौकरियां मिलती जा रही हैं. समझा जाता है कि इन शहरों में भविष्य में काफी रोजगार क्षमता है और अभी इनका पूरी तरह से दोहन नहीं किया गया है.

Advertisement
Advertisement