वेनेजुएला में अमेरिका के सैन्य हमले और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के अपहरण की खबरों ने देश में राजनीतिक संकट को और भी गंभीर बना दिया है. राष्ट्रपति मादुरो के बेटे और नेशनल असेंबली सदस्य, निकोलस मादुरो गुएरा ने शनिवार को इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए इसे अमेरिका की तरफ से सीधा सैन्य आक्रमण बताया है.
काराकस में चाइना मीडिया ग्रुप को दिए एक इंटरव्यू में मादुरो गुएरा ने 3 जनवरी की तड़के हुए हमलों का पूरी कहानी बताई है. उन्होंने बताया कि लगभग दो बजे रात में पहले मिसाइल का धमाका हुआ, जिसके बाद दूसरा विस्फोट सुना गया.
इस दौरान उन्हें समझ आ गया था कि उनके देश पर हमला हो रहा है. उन्होंने यह भी कहा कि उन्होंने तुरंत अपने पिता से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कॉल कट गया और इसके बाद उनका सम्पर्क टूट गया.
मादुरो गुएरा ने अमेरिका पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने अंतरराष्ट्रीय कानून और सभी वैश्विक संधियों का उल्लंघन किया है. उन्होंने बताया कि राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी का अपहरण किया गया है, जो अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत पूर्ण सुरक्षा के हकदार हैं. उन्होंने तुरंत उनकी रिहाई और देश वापसी की मांग की है.
यह भी पढ़ें: ट्रंप-मचाडो की लंच मीटिंग से पहले बड़ा एक्शन, US ने वेनेजुएला का एक और टैंकर किया जब्त
वेनेजुएला के गृह मंत्रालय ने दावा किया है कि अमेरिकी हमलों में कम से कम 100 लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग घायल हुए हैं. सरकार ने इसे देश की संप्रभुता पर सीधा हमला बताया है.
इस घटना के बाद वेनेजुएला-अमेरिका के बीच तनाव और बढ़ गया है. मादुरो गुएरा ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि वे वेनेजुएला के पक्ष में खड़े हों और इस आक्रमण की निंदा करें.
aajtak.in