पश्चिम बंगाल: ममता बनर्जी के करीबी पुलिस अफसर शांतनु सिन्हा बिस्वास गिरफ्तार, वसूली और जमीन हड़पने का है आरोप

पश्चिम बंगाल की राजनीति और पुलिस महकमे में उस वक्त हड़कंप मच गया जब कोलकाता पुलिस के डिप्टी कमिश्नर (DC) शांतनु सिन्हा बिस्वास को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गिरफ्तार कर लिया. पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के करीबी माने जाने वाले बिस्वास पर जमीन हड़पने और वसूली रैकेट चलाने के गंभीर आरोप हैं.

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लुक आउट नोटिस के बाद ED के सामने हुए थे पेश शांतनु सिन्हा बिस्वास.(Photo:ITG) लुक आउट नोटिस के बाद ED के सामने हुए थे पेश शांतनु सिन्हा बिस्वास.(Photo:ITG)

तपस सेनगुप्ता

  • कोलकाता,
  • 14 मई 2026,
  • अपडेटेड 10:42 PM IST

पश्चिम बंगाल में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुवार को कोलकाता पुलिस के डिप्टी कमिश्नर शांतनु सिन्हा बिस्वास को गिरफ्तार कर लिया. बिस्वास कालीघाट पुलिस स्टेशन के पूर्व प्रभारी रह चुके हैं. उन पर एक संगठित वसूली और जमीन हड़पने के रैकेट में शामिल थे. उनकी गिरफ्तारी तब हुई जब कई समन के बाद वे आखिरकार जांच एजेंसी के सामने पेश हुए.

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सूत्रों के अनुसार, गुरुवार को पूछताछ के दौरान बिस्वास जांच अधिकारियों के सवालों का सीधा जवाब नहीं दे रहे थे. अधिकारी ने बताया कि वे अहम तथ्यों को छिपा रहे थे और जांच में सहयोग नहीं कर रहे थे.

पिछले महीने ED ने बिस्वास के आवास पर छापा मारा था, जहां से कई 'आपत्तिजनक' दस्तावेज बरामद किए गए थे. इन्हीं दस्तावेजों के आधार पर उनसे पूछताछ की जा रही थी.

लुकआउट नोटिस और सुरक्षा घेरा
शांतनु बिस्वास लगातार ED के समन को नजरअंदाज कर रहे थे. उन्हें 28 अप्रैल यानी बंगाल चुनाव के दूसरे चरण से ठीक पहले भी बुलाया गया था, लेकिन वे पेश नहीं हुए.

जांच अधिकारियों का दावा है कि जब वे फरार होने की कोशिश में थे, तब ED ने उनके खिलाफ 'लुकआउट सर्कुलर' जारी किया. यह नोटिस सभी हवाई अड्डों और BSF चौकियों पर भेजा गया ताकि वे देश छोड़कर न भाग सकें. बुधवार को एजेंसी ने सुरक्षा निदेशालय को पत्र लिखकर उनके ठिकाने की जानकारी भी मांगी थी.

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ED की जांच में सामने आया है कि बिस्वास के संबंध गोलपार्क के कुख्यात अपराधी 'सोना पप्पू' और 'सन एंटरप्राइजेज' के एमडी जॉय कामदार से थे.

आरोप है कि पुलिस पद का दुरुपयोग करते हुए बिस्वास ने इन अपराधियों की मदद से जबरन वसूली और जमीन कब्जाने का रैकेट चलाया. बेहाला के कारोबारी जॉय कामदार की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में बिस्वास के खिलाफ पुख्ता सबूत मिले थे.

सियासी गलियारों में चर्चा
शांतनु सिन्हा बिस्वास को पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का करीबी सहयोगी माना जाता है. ऐसे में एक सिटिंग डिप्टी कमिश्नर की गिरफ्तारी ने कोलकाता पुलिस की छवि और राज्य की राजनीति पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं.

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