MP News: दमोह के एक मकान की खुदाई में खजाना निकलने की खबर है और इस खबर ने पूरे इलाके में चर्चा का बाजार गर्म कर दिया है. यह खजाना विवादास्पद हो गया है, क्योंकि मजदूर किलो की मात्रा में चांदी निकलने की बात कह रहे हैं, जबकि मकान मालिक महज 42 सिक्कों का निकलना बता रहे हैं.
मामला दमोह शहर के फुटेरा वार्ड का है. यहां रहने वाले स्कूल शिक्षक आलोक सोनी अपने पैतृक पुराने मकान को तुड़वा कर नया मकान बनवा रहे हैं.
रविवार को अचानक ये टूटा मकान सुर्खियों में आ गया, जब खुद स्कूल शिक्षक आलोक पुलिस थाने पहुंचे और उन्होंने बताया कि उनके मकान में खुदाई के दौरान 42 चांदी के सिक्के मिले है. पुलिस शिक्षक से पूछताछ कर ही रही थी कि इस मकान में मजदूरी करने वाले कुछ मजदूर भी पुलिस थाने पहुंच गए और उन्होंने जो बताया उस से हड़कंप मच गया.
मजदूरों का सनसनीखेज दावा
मजदूर ओमप्रकाश अठ्या के मुताबिक, शनिवार को जब वो खुदाई कर रहे थे तो उन्हें पहले जमीन से एक घड़ा मिला जो खाली था. लेकिन थोड़ा और खोदने पर एक बड़ा मटका मिला, जिसके अंदर चांदी के सिक्के और चांदी की रॉड थी, जिसका वजन 30 से 35 किलोग्राम था.
मजदूरों ने बताया, जब ये खजाना मिला तो मकान मालिक ने उन लोगों को धमकाया और उनके परिजनों ने एक बाल्टी में सारा सामान भरा और रख लिया, शाम को जब मजदूर घर जाने लगे तो मकान मालिक ने उन लोगों को 500-500 रुपए देकर जाने दिया, मजदूरों ने अपने गांव में लोगों को सारा किस्सा सुनाया तो कुछ लोगों ने इस बात को पुलिस को बताने के लिए कहा और वो पुलिस थाने पहुंच गए. देखें VIDEO:-
दो मकान सील, पुरातत्व विभाग सक्रिय
दमोह पुलिस को मिली इस जानकारी के बाद जिला प्रशासन और पुरातत्व विभाग के अफसरों को सूचना दी गई और पूरी टीम मौके पर पहुंची और उन्होंने 42 सिक्के बरामद किए. इसके साथ ही दो मकान भी सील किए गए हैं.
करीब 35 किलो चांदी के सिक्के जिसकी सामान्य तौर पर कीमत करोड़ों में पहुंच गई है, मिलने की खबर ने सनसनी फैला दी. पुलिस और टीम तपती दोपहरी में बारीकी से जांच पड़ताल करती रही, लेकिन माल जब्त नहीं हो पाया.
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स्कूल शिक्षक आलोक सोनी के मुताबिक, कुल 42 सिक्के ही मिले हैं, जिनके बारे में पुलिस को सूचना उन्होंने खुद दी. बाकी षडयंत्र के तहत इतनी बड़ी तादाद मजदूर बता रहे हैं.
संरक्षण सहायक भारतीय पुरातत्व विभाग शुभम अरजरियाकी मानें तो सिक्के ब्रिटिश हुकूमत काल के हैं और 100 सालों से ज्यादा पुराने हैं. पुरातत्व की दृष्टि से बेशकीमती भी हैं.
जांच के घेरे में 'खजाना'
वहीं, तहसीलदार रघुनन्दन चतुर्वेदी और थाना प्रभारी कोतवाली मनीष कुमार का कहना है कि अभी स्थिति साफ नहीं है. 42 सिक्कों की पुष्टि हुई है जबकि जांच जारी है और जांच के बाद स्थिति साफ होगी.
शांतनु भारत