आपने अक्सर बस, ट्रेन या हवाई यात्रा में बच्चों को रोते, शरारत करते देखा होगा. अगर आप भारतीय हैं, तो हम कह सकते हैं कि आपको इससे ज्यादा परेशान नहीं हुई होगी. जी हां, हवाई यात्रा के दौरान बच्चों के रोने-धोने और शरारत करने की ओर भारतीय सबसे कम ध्यान देते हैं और सहनशील बने रहते हैं.
उड़ान के दौरान व्यवहार और अन्य चीजों के बारे में एक अध्ययन के अनुसार 24 फीसदी भारतीय यात्रा के दौरान बच्चों की परेशान करने वाली हरकतों के प्रति सहनशील बने रहते हैं. अध्ययन में यह तथ्य सामने आया है कि भारत के अलावा चीन के 18 फीसदी और हांगकांग के 22 फीसदी यात्री शरारती बच्चों और उनके और उनकी ओर ध्यान नहीं देते. वहीं मेक्सिको, नॉर्वे, न्यूजीलैंड के (42 फीसदी) यात्री इस तरह के व्यवहार के प्रति सबसे ज्यादा असहनशील दिखते हैं.
यह अध्ययन एक्सपेडिया के लिए नॉर्थस्टार ने किया है. सर्वेक्षण 11 से 29 दिसंबर के दौरान, उत्तरी अमेरिका, दक्षिण अमेरिका और एशिया प्रशांत में किया गया. यह अध्ययन पिछले दो साल के दौरान 22 देशों में यात्रा करने वाले 11,026 बालिग लोगों पर किया गया.
वन्दना यादव / BHASHA