लखीमपुर लहूलुहान-शुरू हुआ सियासी घमासान, कल अखिलेश-प्रियंका जाएंगे

खबर है कि सोमवार को सपा का एक प्रतिनिधिमंडल पीड़ित किसानों से मिलने लखीमपुर खीरी जा रहा है. वहां पर ये प्रतिनिधिमंडल घटना की जांच करेगा और पीड़ित किसानों से भी संवाद स्थापित करने का प्रयास रहेगा.

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सपा प्रमुख अखिलेश यादव सपा प्रमुख अखिलेश यादव

समर्थ श्रीवास्तव / कुमार अभिषेक

  • लखनऊ,
  • 03 अक्टूबर 2021,
  • अपडेटेड 10:37 PM IST
  • लखीमपुर में बवाल, राजनीति फुल ऑन
  • पीड़ित किसानों से मिलने जाएंगे अखिलेश-प्रियंका

यूपी के लखीमपुर खीरी में कार द्वारा किसानों को रौंदे जाने से हुई मौत से प्रदेश की सियासत और गरम हो गई है. सोमवार को सपा का एक प्रतिनिधिमंडल पीड़ित किसानों से मिलने लखीमपुर खीरी जाएगा. सपा प्रमुख अखिलेश यादव भी वहां पर पहुंच सकते हैं. ये प्रतिनिधिमंडल घटना की जांच करेगा और पीड़ित किसानों से भी संवाद स्थापित करने का प्रयास रहेगा.

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लखीमपुर में बवाल पर विपक्ष का हल्ला बोल

अखिलेश के अलावा प्रियंका गांधी भी लखीमपुर खीरी जा सकती हैं. कहा जा रहा है कि वे भी सोमवार को पीड़ित किसानों से मुलाकात कर सकती हैं. चंद्रशेखर और आरएलडी प्रमुख जयंत चौधरी भी लखीमपुर खीरी रवाना होने वाले हैं. सभी दलों ने इस घटना को लेकर प्रदेश सरकार की निंदा करते हुए उसे किसान विरोधी बताया है. 

 कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा है कि जो इस अमानवीय नरसंहार को देखकर भी चुप है, वो पहले ही मर चुका है. लेकिन हम इस बलिदान को बेकार नहीं होने देंगे- किसान सत्याग्रह ज़िंदाबाद.

बसपा प्रमुख मायावती ने इसे बीजेपी का क्रूर चेहरा बता दिया. उनकी नजरों में अब सुप्रीम कोर्ट को ही इस मामले का संज्ञान लेना चाहिए. उन्होंने ट्वीट किया कि यूपी के जिला लखीमपुर खीरी में 3 कृषि कानूनों की वापसी की मांग को लेकर आन्दोलन कर रहे किसानों पर केन्द्रीय मंत्री के पुत्र द्वारा कथित तौर पर कई किसानों की गाड़ी से रौंद कर की गई हत्या अति-दुःखद. यह भाजपा सरकार की तानाशाही व क्रूरता को दर्शाता है जो कि इनका असली चेहरा भी है. इस घटना के संबंध में भी पीड़ितों को सरकार से उचित न्याय मिलने की उम्मीद नहीं है. इसलिए माननीय सुप्रीम कोर्ट इस दुःखद घटना का स्वयं ही संज्ञान ले, बीएसपी की यह मांग. साथ ही, बीएसपी के स्थानीय प्रतिनिधिमण्डल को भी घटनास्थल पर जाने का निर्देश.

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वहीं सीएम अरविंद केजरीवाल ने भी इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने जोर देकर कहा है कि दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए. वे लिखते हैं कि लखीमपुर में प्रदर्शन कर रहे किसानो को गाड़ी से कुचलना हिंसक और अन्यायपूर्ण है. कई किसान भाइयों के मारे जाने खबर मिल रही है. प्रभु उनकी आत्मा को शांति प्रदान करे. दुःख की इस घड़ी में किसान भाइयों के साथ हूं. ऐसा घोर अपराध करने वाले दोषियों को सख़्त से सख़्त सजा दी जाए.

राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी इस मामले में तीखी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने इस घटना को बीजेपी की संस्कृति बता दिया है. उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में बीजेपी नेताओं द्वारा किसानों के साथ हिंसा की कड़ी निंदा करता हूं. शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे किसानों के साथ ऐसा क्रूर व्यवहार भाजपा की संस्कृति का परिचायक है. हिंसा में जान गंवाने वाले किसानों को श्रद्धांजली अर्पित करता हूं.

हुआ क्या था?

जानकारी के लिए बता दें कि रविवार को लखीमपुर खीरी में किसान और बीजेपी के बीच टकराव की स्थिति देखने को मिली थी. दरअसल डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य तिकुनिया में आयोजित होने वाले कुश्ती कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले थे. लेकिन उस कार्यक्रम से पहले ही उनके काफिले को किसानों द्वारा काले झंडे दिखाए गए. इसके बाद किसान संगठन ने आरोप लगाया गया कि केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा के बेटे अभिषेक मिश्रा की गाड़ी से टक्कर लगने से 4 किसानों की मौत हो गई. इस वजह से किसानों का गुस्सा सातवें आसमान पर दिखा और कई गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया गया. अभी इलाके में स्थिति तनावपूर्ण बताई जा रही है और मौके पर भारी फोर्स तैनात है.

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