माना जा रहा है एनडीए का उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार दक्षिण भारत से हो सकता है. शहरी विकास मंत्री और बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष वेंकैया नायडू का नाम सबसे आगे चल रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत में गुलदस्ता भेंट करने पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक आदेश जारी किया है. एक साथ पढ़िए पांच बड़ी खबरें.
उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए एनडीए उम्मीदवार पर फैसला बीजेपी पार्लियामेंट्री बोर्ड की चल रही बैठक में लिया जा सकता है. माना जा रहा है एनडीए का उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार दक्षिण भारत से हो सकता है. शहरी विकास मंत्री और बीजेपी के पूर्व अध्यक्ष वेंकैया नायडू का नाम सबसे आगे चल रहा है.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत में गुलदस्ता भेंट करने पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक आदेश जारी किया है. आदेश के मुताबिक, पीएम मोदी का स्वागत फूलों का गुलदस्ता देकर नहीं किया जाएगा. गृह मंत्रालय ने ये आदेश सभी राज्यों को जारी किए हैं. इस आदेश में ये भी कहा गया है कि अगर प्रधानमंत्री के स्वागत में खादी के रुमाल में रखा एक फूल दे दिया जाए तो बेहतर होगा. या फिर कोई किताब भी प्रधानमंत्री को भेंट की जा सकती है.
राष्ट्रपति चुनाव के लिए संसद और सभी विधानसभाओं में वोटिंग चल रही है. वहीं अब उपराष्ट्रपति चुनाव की भी सरगर्मी बढ़ रही है. सोमवार शाम को बीजेपी इस मुद्दे पर बैठक करेगी, उम्मीद है कि बीजेपी बैठक के बाद अपने उम्मीदवार का ऐलान कर सकती है. हालांकि, ऐलान से पहले खबरें हैं कि बीजेपी दक्षिण का कोई चेहरा इस पद के लिए आगे करना चाहती है. इसमें सबसे आगे नाम आ रहा है केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू का. बीजेपी नायडू के नाम पर दांव खेल सकती है. विपक्ष की ओर से गोपालकृष्ण गांधी के जवाब में भी नायडू एक भरोसेमंद चेहरा रहेंगे. अगर कुछ बिंदुओं पर गौर करें, तो नायडू की उम्मीदवारी मजबूत भी दिखाई देती है. पढ़िए आखिर क्यों वेंकैया नायडू इस पद के लिए बीजेपी के लिए परफेक्ट हैं.
देश के 14वें राष्ट्रपति चुनाव के लिए वोटिंग खत्म हो गई है. नए राष्ट्रपति के चुनाव में बीजेपी नीत एनडीए के उम्मीदवार रामनाथ कोविंद का मुकाबला विपक्षी उम्मीदवार मीरा कुमार से है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह, बीजेपी के नेता मुरली मनोहर जोशी समेत कई नेताओं ने वोट डाल दिया है. वहीं उत्तर प्रदेश में सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी वोट डाला.
राज्यसभा सांसद अमर सिंह ने कहा है कि समाजवादी पार्टी से उनको दो बार निकाला जा चुका है, अब उनका इस पार्टी से कोई लेना-देना नहीं. उन्होंने बेहद सपाट शब्दों में कहा, 'समाजवादी पार्टी ने मुझको दो बार दुलत्ती मारकर निकाला है. एक बार माननीय मुलायम सिंह ने दुलत्ती मारी, फिर अखिलेश यादव ने मुझे दुलत्ती मारी. दुलत्ती खाने के बाद अब समाजवादी पार्टी से दूर-दूर तक कोई लेना देना नहीं, समाजवादी पटरी से मैं उतर चुका हूं.'
सना जैदी