लोकसभा में शुक्रवार को स्पीकर ओम बिरला का अलग ही अंदाज देखने को मिला. चेयर से स्पीकर ओम बिरला ने संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने अपना ज्ञान बढ़ाने को कहा, तो वहीं अन्य सदस्यों से भी पूछ लिया- और कोई ज्ञान देना चाहता है? जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) बिल, 2026 पेश किए जाने के बाद जब पूर्व मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर बोलने के लिए खड़े हुए, स्पीकर ने उनकी भी खूब चुटकी ली.
दरअस्ल, जन विश्वास बिल पेश किए जाने को लेकर विपक्षी सदस्यों की आपत्तियों पर उद्योग और वाणिज्य राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने स्पष्टीकरण दिया. मंत्री के जवाब के बाद हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर से बीजेपी के सांसद अनुराग ठाकुर अपनी जगह खड़े हो गए. इस पर चुटकी लेते हुए स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि अनुराग ठाकुर भी कुछ ज्ञान बांटना चाहते हैं. निशिकांत दुबे की टक्कर में देना चाहते हो क्या?
चेयर से स्पीकर की इस बात पर अनुराग ठाकुर ने कहा कि नहीं, नहीं साहब. कोई टक्कर नहीं, यहां सिर्फ प्यार है. उन्होंने आगे कहा कि सदन के ध्यान में यह बात जरूर आनी चाहिए कि मोदी सरकार जब से आई है, ईज ऑफ लिविंग और डूइंग बिजनेस पर काम किया है. उसी दिशा में जन विश्वास बिल है. अनुराग ठाकुर ने दावा किया कि शिकायतों का बोझ भी 63 हजार से कम करके 23 हजार पर ले आए हैं. 40 हजार कंप्लायंस भी कम किया गया.
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अनुराग ठाकुर ने कहा कि इस बिल के माध्यम से भी जो छोटी-छोटी गलतियों में जेल भेजने, क्रिमिनलाइज करने का था, उस दंडात्मक कार्रवाई को खतम करके बहुत बड़ा सुधार करने का काम किया गया है. इस पर स्पीकर ने उन्हें टोका और हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि आप भूतपूर्व मंत्री हो गए. उन्होंने जितिन प्रसाद की ओर संकेत करते हुए कहा कि अभी मंत्री का अधिकार इनको है. स्पीकर की इस बात पर सदन में खूब ठहाके लगे.
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अनुराग ठाकुर ने इसके बाद कहा कि ये बात इसलिए कह रहा हूं, क्योंकि इस सदन का सदस्य होने के नाते मुझे लगता है कि ये देश के हित में है. इसलिए इसका आना स्वागत योग्य है. इससे पहले, जन विश्वास बिल पर विपक्षी सदस्यों की ओर से आई आपत्तियों पर राज्यमंत्रई जितिन प्रसाद जब स्पष्टीकरण दे रहे थे, स्पीकर ने उनको भी टोकते हुए कहा कि बदलाव क्या हुआ है, बताओ न.
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स्पीकर ओम बिरला ने कहा कि ये बताओ ना कि कितने में प्रपोज किया था और अब कितने में लेकर आ रहे हो. जितिन प्रसाद ने कहा कि एक हजार अपराध डीक्रिनिलाइज किए जा रहे हैं. शुरू में तो यह 200 अपराध को लकेर आया गया था. वह विस्तार से बोलने लगे, तब स्पीकर ने उन्हें रोका और कहा कि जवाब पूरा देना.
शून्यकाल के दौरान कहा- अपनी भाषा में बोलें
शून्यकाल की कार्यवाही के दौरान स्पीकर ओम बिरला ने पंजाब से कांग्रेस के सांसद अमर सिंह को टोका और कहा कि पंजाबी में बोलिए. स्पीकर ने अन्य सदस्यों से भी कहा कि सदन में 22 भाषाओं में अनुवाद की सुविधा उपलब्ध है. सभी को आज यह कोशिश करनी चाहिए कि अपनी बात अपनी क्षेत्रीय भाषा में रखें. स्पीकर ने कहा कि इससे आप अपने क्षेत्र की जनता से भी जुड़ सकेंगे. इसी बीच किसी सदस्य ने भोजपुरी का जिक्र कर दिया. स्पीकर ने कहा कि 22 भाषाएं देख लो.
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