दक्षिण भारत के राज्यों में खासकर तमिलनाडु और आंध्र प्रदेश पर चक्रवात मिचौंग का खतरा मंडरा रहा है. इन इलाकों के आसमान में काले बाद छाए हुए हैं और तेज बारिश दर्ज की जा रही है. इसके साथ हवाओं की रफ्तार भी लगातार तेज होती जा रही है. चेन्नई में बारिश के चलते भारी जलजमाव की स्थिति बन गई है. राहत-बचाव कार्य के लिए वहां एनडीआरएफ को भी रवाना कर दिया गया है.
तमिलनाडु तट के करीब पहुंच गया तूफान
चक्रवात मिचौंग आज यानी 4 दिसंबर की सुबह उत्तरी तमिलनाडु तट के करीब पहुंच गया है. अब यह लगभग उत्तर दिशा में लगभग समानांतर और दक्षिण आंध्र प्रदेश तट के करीब बढ़ेगा, यह 1000- और 1100-घंटे IST के बीच नेल्लोर और मछलीपट्टनम के बीच दक्षिण आंध्र प्रदेश तट को एक गंभीर चक्रवाती तूफान के रूप में पार करेगा. इसके लैंडफाल के समय हवा की गति 90 से 100 किमी प्रति घंटे से लेकर 110 किमी प्रति घंटे तक हो सकती है.
तेज हवाओं के साथ ऊंची समुद्री लहरें
भारी बारिश के बीच तमिलनाडु के चेंगलपट्टू शहर में तेज़ हवाएं चल रही हैं. समुद्र में ऊंची-ऊंची लहरें उठ रही हैं. हाई टाइड की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से समुद्र के नजदीक ना जाने की अपील की है. इसके अलावा लोगों को जहां तक हो सके घर के अंदर ही रहने की सलाह दी गई है.
चेन्नई में बारिश से भारी जलजमाव
चेन्नई में पेरुंगुडी रोड पर सबसे अधिक 29 सेमी बारिश हुई. सड़कों पर लोगों की कमर तक पानी भर गया है. सड़कों पर गाड़ियां तेज जलजमाव के बीच बहती नजर आ रही हैं. चेन्नई एयरपोर्ट में भी पानी घुस गया है. यहां सभी फ्लाइट्स रद्द कर दी गई हैं. स्कूल-कॉलेज को भी बंद कर दिया गया है. इससे ट्रेन परिचालन पर भी भारी असर पड़ा है.
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तूफान के असर वाले इलाकों को लेकर प्रशासन ने किया खास इंतजाम
तूफान के चलते आंध्र और तामिलनाडु के निचले इलाकों में रहनेवाले लोगों को सुरक्षित इलाकों में पहुंचाया जा रहा है. तूफान के असर वाले इलाकों में बोट और दूसरे जरूरी इंतजाम किए गए हैं. चेन्नई, तिरुवल्लूर, कांचीपुरम और चेंगलपट्टू में आज सार्वजनिक छुट्टी है. लोगों की सुविधा के लिए चेन्नई मेट्रो के शेड्यूल में बदलाव किया गया है. प्राइवेट कंपनियों को अपने कर्मचारियों को Work From Home सुविधा देने को कहा गया है. तटीय इलाकों में राहत के लिए 121 मल्टीपरपज सेंटर बनाए गए हैं, साथ ही 4,967 राहत कैंप भी बनाए गए हैं.
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