बुंदेलखंड: पानी को लेकर आमने-सामने आए उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश

पानी के संकट के बीच अब एमपी प्रशासन ने सिर्फ अपनी जरुरत का ख्याल रखते हुए यूपी के बरियारपुर डैम से नई नहर खोद डाली है. एमपी द्वारा यूपी का पानी हड़पने की इस कोशिश ने विवाद का रूप ले लिया है.

Advertisement
एमपी और यूपी में पानी पर रार एमपी और यूपी में पानी पर रार

सूरज पांडेय

  • बांदा,
  • 30 अप्रैल 2016,
  • अपडेटेड 11:14 PM IST

बुंदेलखंड का जल संकट अब राज्यों के बीच पानी की जंग में बदलता दिख रहा है. पानी की विभीषिका को लेकर यूपी और एमपी प्रशासन अब आमने सामने आ गए है.


इन राज्यों की सीमा के दोनों ओर सूखे से तबाह बुंदेलखंड का ही क्षेत्र पड़ता है जहाँ पानी की भीषण समस्या है. पानी के संकट के बीच अब एमपी प्रशासन ने सिर्फ अपनी जरुरत का ख्याल रखते हुए यूपी के बरियारपुर डैम से नई नहर खोद डाली है. एमपी द्वारा यूपी का पानी हड़पने की इस कोशिश ने विवाद का रूप ले लिया है.

Advertisement

केन नदी को बांदा जिले की जीवनरेखा कहा जाता है जिस पर बना बरियारपुर डैम बांदा से करीब 100 किमी दूर मध्यप्रदेश के पन्ना जिले में पड़ता है. इसका नियंत्रण 1977 में हुए समझौते के तहत यूपी के बांदा सिंचाई विभाग के पास है. नई नहर में पिछले करीब एक महीने से भारी मशीनों से खुदाई का काम चल रहा है.

हैरानी की बात ये है कि यूपी के सिंचाई अधिकारियों को इस बात का पता तब चला जब इस क्षेत्र में खाली पड़ी जमीन के स्थानीय पट्टा धारक किसानों ने इसकी शिकायत बांदा डीएम से की. बांदा प्रशासन के दखल के बाद फिलहाल काम रुकवा दिया गया है, मौके पर एमपी प्रशासन के अधिकारी किसी प्रकार का परमिशन या NOC लेटर नहीं दिखा सके. बांदा डीएम ने मामले की जानकारी उत्तर प्रदेश शासन के उच्चाधिकारियों समेत पन्ना कलेक्टर को भी दी है.

Advertisement

आपको बता दें कि इस साल बुंदेलखंड में बारिश न होने से पानी का भीषण संकट है, नदियों और बांधों में पानी नहीं हैं जिससे नहरें सूखी पड़ी हैं.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »