पश्चिम बंगाल के नए मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने सड़कों पर नमाज पढ़ने पर रोक लगा दी है. इस घोषणा के बाद कोलकाता में 15 मई यानी शुक्रवार को नमाज के बाद बवाल मच गया. मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सड़कों पर विरोध प्रदर्शन किया, जिसके बाद पुलिस से उनकी झड़प हो गई. इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने धार्मिक नारेबाजी भी की.
इसी संदर्भ में एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है जिसमें भीड़ में मौजूद लोग नारे लगाते दिख रहे हैं. वीडियो में लिखा है, “कोलकाता में सड़क पर नमाज को लेकर बवाल नए सरकार के आदेश के खिलाफ मुसलमानों का धमकी भरा प्रदर्शन.”
एक व्यक्ति ने वीडियो को एक्स पर शेयर किया और तंज कसते हुए लिखा, “सड़क किसी के बाप की थोड़ी है, जो जब चाहे ,जहाँ चाहे वही मुर्गा बन जाए.”
लेकिन आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि यह वीडियो पश्चिम बंगाल का नहीं, बल्कि बांग्लादेश का है.
कैसे पता की सच्चाई?
वीडियो के कीफ्रेम्स को रिवर्स सर्च करने पर हमें फेसबुक पर उसी लोकेशन का दूसरा वीडियो मिला. कई बांग्लादेशी यूजर्स ने इस वीडियो को 14 मई को शेयर किया था. इन पोस्ट्स के मुताबिक वीडियो अवामी लीग के नेता इंजीनियर मोशर्रफ हुसैन के जनाजे (अंतिम संस्कार) में बांग्लादेश के चिट्टागोंग में उमड़ी भीड़ का है.
बांग्लादेशी न्यूज़ आउटलेट BD News 24 में 14 मई को छपी रिपोर्ट के मुताबिक, चिट्टागोंग में इंजीनियर मोशर्रफ हुसैन की अंतिम विदाई में हज़ारों समर्थक शामिल हुए थे.
फेसबुक पर मिले वीडियो में ‘The Light Park’ नाम का होटल साफ दिख रहा है.
इस क्लू की मदद से हमने वायरल वीडियो में दिख रही जगह को गूगल मैप्स पर सर्च किया तो ये हमें बांग्लादेश के चिट्टागोंग में मिल गई.
जाहिर है, ये वीडियो बांग्लादेश का है.
हम इस बारे में कुछ नहीं कह सकते कि ये वीडियो कब का है और किस घटना से संबंधित है. लेकिन इतनी बात तय है कि इसका बंगाल से कोई लेना-देना नहीं है.
(इनपुट: ऋद्धीश दत्ता )
मो. महफूज़ आलम