पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव का रंग अब गाढ़ा होता जा रहा है. सूबे की विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी के बाद मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने भी चुनावी जंग के लिए नामांकन पत्र दाखिल कर दिया है. सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और विपक्षी भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रमुख उम्मीदवार नामांकन दाखिल करने में जुटे हैं. वहीं, कांग्रेस पार्टी है कि उम्मीदवारों को लेकर दुविधा खत्म नहीं हो रही.
कांग्रेस ने अब सात सीटों पर उम्मीदवार बदल दिए हैं. ग्रैंड ओल्ड पार्टी ने जिन सीटों पर उम्मीदवार बदले हैं, उन पर मतदान दूसरे चरण में 29 अप्रैल को होना है. कांग्रेस ने इन सीटों के लिए उम्मीदवारों की नई सूची जारी की है. इस नई सूची में सात सीटों पर पहले से घोषित उम्मीदवारों की जगह नए उम्मीदवारों के नाम का ऐलान किया गया है. कांग्रेस उम्मीदवारों की नई सूची पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल की ओर से जारी की गई है.
इस सूची में कुल आठ उम्मीदवारों के नाम हैं, जिनमें से सात ऐसी सीटों के उम्मीदवार हैं जहां से पार्टी पहले ही उम्मीदवार घोषित कर चुकी थी. एक नया नाम है. कांग्रेस ने हावड़ा विधानसभा सीट पर प्रणब भट्टाचार्य को उम्मीदवार घोषित किया है. यह इस लिस्ट में एकमात्र नया नाम है. कांग्रेस ने इसके अलावा नाकाशिपाड़ा, छपरा, मंदिरबाजा, मिनाखां समेत सात सीटों पर उम्मीदवार बदल दिए हैं.
यह भी पढ़ें: नारों का शोर, खामोश मतदाता और बंगाल का बदलता सियासी मिजाज, बैरकपुर में राजनाथ के रोड शो से आंखों देखी
कांग्रेस ने नाकाशिपाड़ा से पहले गुलाम किबरिया मंडल को टिकट दिया है. पार्टी ने अब मंडल की जगह ताहिर एसके को उम्मीदवार बनाया है. छपरा से अब रहीदुल मंडल की जगह आसिफ खान हाथ का पंजा चुनाव निशान पर चुनावी रणभूमि में नजर आएंगे. मिनाखां (एससी) विधानसभा सीट पर बरनाली नस्कर की जगह सुनयना बिस्वास, मंदिरबाजार (एससी) सीट पर कौशिक बैद्य की जगह चांद सरदार और रैना (एससी) सीट पर अनिक साहा की जगह पम्पा मलिक कांग्रेस उम्मीदवार होंगे.
यह भी पढ़ें: महिलाओं को हर महीने 2 हजार, किसानों को 15 हजार... पश्चिम बंगाल में कांग्रेस का घोषणा पत्र जारी
इसी तरह पार्टी ने केतुग्राम और औसग्राम (एससी) विधानसभा सीट पर भी उम्मीदवार बदल दिए हैं. केतुग्राम में मोफिरुल कासिम की जगह एसके अबू बकर और औसग्राम (एससी) सीट पर निशा बराल की जगह तापस बराल कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे. कांग्रेस की ओर से उम्मीदवार बदलने का ऐलान कर दिया गया है, लेकिन इसके पीछे के कारण अभी सामने नहीं आए हैं.
aajtak.in