केरलम चुनाव के नतीजे (4 मई) आने में अभी वक्त है, लेकिन अभी से कांग्रेस में सीएम पद की दावेदारी को लेकर कलह शुरू हो गई है. केरलम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और पार्टी के वरिष्ठ नेता के. सुधाकरन ने केसी वेणुगोपाल के नाम की पैरवी की है. वेणुगोपाल की लीडरशिरप की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश के सर्वोच्च पद के लिए उनसे बेहतर कोई और हो ही नहीं सकता. हालांकि, उन्होंने अपने बयान में मुख्यमंत्री पद का जिक्र नहीं किया.
केरलम में 140 विधानसभा सीटों के लिए एक ही चरण में 9 अप्रैल को बंपर वोटिंग (77.7 फीसदी) हुई थी. अब सबकी नजरें 4 मई की तारीख पर है. इसी दिन केरलम चुनाव के नतीजे आने हैं. कांग्रेस को उम्मीद है कि वह अपने सहयोगी दलों के साथ मिलकर लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (एलडीएफ) को हराने में कामयाब होगी. इसलिए कांग्रेस में अभी से ही मुख्यमंत्री पद को लेकर दावेदारी तेज हो गई है.
के सुधाकरन ने केसी वेणुगोपाल को केरल के अगले मुख्यमंत्री के रूप में समर्थन करते हुए एक लेख में उनकी नेतृत्व क्षमता की प्रशंसा की. उन्होंने बताया कि वेणुगोपाल किस तरह के. करुणाकरण, ए.के. एंटनी, ओमन चांडी जैसे नेताओं की राह पर चलते हुए पार्टी के अगले बड़े नेता बन सकते हैं.
'कांग्रेस के मजबूत नेता रहे हैं वेणुगोपाल'
केरल कांग्रेस में सियासी जंग के बीज के सुधाकरन के केपीसीसी अध्यक्ष रहने के दौरान विपक्ष के नेता वीडी सतीशन के साथ उनके संबंध अच्छे नहीं रहे. ऐसे में उनका बयान बेहद अहम माना जा रहा है.
सुधाकरन ने लेख में लिखा, केसी वेणुगोपाल कांग्रेस के निर्विवाद संगठनकर्ता और मजबूत नेता रहे हैं. उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाकर राहुलजी का हाथ मजबूत किया है. हाल के विधानसभा चुनावों ने फिर साबित किया है कि केरलम की राजनीति में उनकी मौजूदगी कितनी जरूरी है. उन्होंने पूरे केरलम से कार्यकर्ताओं को संगठित कर पार्टी की जीत के पीछे प्रेरक शक्ति के रूप में काम किया. यह एक नेता की संगठनात्मक क्षमता का प्रमाण है.
वेणुगोपाल की खुलकर तारीफ करते हुए उन्होंने कहा, आज केरल को ऐसे दूरदर्शी नेतृत्व की आवश्यकता है. के करुणाकरण, एके एंटनी, ओमन चांडी जैसे नेताओं की तरह कांग्रेस कार्यकर्ताओं को विश्वास है कि केसी वेणुगोपाल भी राज्य की राजनीति में बड़े नेता के रूप में उभर सकते हैं. वे उन महान नेताओं के पदचिह्नों पर चल सकते हैं, जिन्होंने स्पष्ट दिशा के साथ राज्य की राजनीति का नेतृत्व किया.
शिबिमोल