12वीं के बाद कई छात्रों के मन में करियर को लेकर कन्फ्यूजन रहता है. उन्हें क्या करना चाहिए और क्या नहीं. लेकिन बहुत ही कम लोगों को ये मालूम होता है कि उन्हें आगे क्या करना है. ऐसे में अगर आपका सपना आर्किटेक्ट बनने का है तो, चलिए जान लेते हैं इसके लिए कौन सा कोर्स करना चाहिए.
12वीं के बाद अगर आप भी आर्किटेक्ट बनना चाहते हैं, तो इसके लिए सही कोर्स का चुनाव करना बहुत जरूर होता है. भारत में बी.आर्क कोर्स में एडमिशन के लिए कई लेवल की परीक्षाओं का आयोजन किया जाता है. इन परीक्षाओं में सफल होने के बाद छात्रों को नामी संस्थान में एडमिशन मिलता है. एनटीए से लेकर जेईई मेन पेपर-2ए समेत कई परीक्षा इस फील्ड में आगे बढ़ने का मौका देती हैं. तो चलिए जानते हैं इनके बारे में.
आर्किटेक्ट के फील्ड में करियर बनाने के लिए उम्मीदवारों को यह परीक्षा के जरिए IIT, NIT और CFTI के अलावा देशभर के आर्किटेक्चर संस्थानों में एडमिशन लेने के लिए नेशनल एप्टीट्यूड टेस्ट इन आर्किटेक्चर (NATA) परीक्षा देनी होती है. इसका आयोजन ऑनलाइन मोड में किया जाता है, जो 180 मिनट की होती है. इसमें लॉजिकल, न्यूमेरिक, मौखिक और ग्राफिकल लॉजिक से जुड़े प्रश्न पूछे जाते हैं. उम्मीदवारों को इसके लिए 10+2 में कम से कम 50 प्रतिशत अंक जरूरी है.
जेईई मेन पेपर2 ए का आयोजन बी.आर्क कोर्स में प्रवेश के लिए आयोजित की जाती है. इस परीक्षा का आयोजन NTA करवाता है. एग्जाम 180 मिनट के लिए होता है. इसमें मैथ्स, एप्टीट्यूड और ड्रॉइंग से सवाल पूछे जाते हैं. वहीं, आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन मोड में होती है. इस पेपर को देने के लिए उम्मदवारों के पास फिजिक्स, मैथ्स और केमिस्ट्री पढ़ना जरूरी है.
आर्किटेक्चर एप्टीट्यूड टेस्ट (AAT) परीक्षा का आयोजन IIT वाराणसी, खड़गपुर और रुड़की में बी.आर्क में एडमिशन के लिए होती है. परीक्षा ऑफलाइन मोड में 180 मिनट के लिए होता है. ज्योमेट्रिक ड्रॉइंग, थ्री-डायमेंशनल डिजाइन, फ्रीहैंड ड्रॉइंग, इमैजिनेशन और एस्थेटिक सेंस से जुड़े प्रश्न पूछे जाते हैं.
AMU- आर्किटेक्चर एप्टीट्यूड टेस्ट परीक्षा का आयोजन अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में बी.आर्क कोर्स में एडमिशन के लिए किया जाता है. पेपर-1 में फिजिक्स, केमिस्ट्री और मैथ्स होंगे, जबकि पेपर-2 नाटा पर आधारित होगा. पात्रता 10+2 (PCM) है. इस फील्ड में आपको शुरुआती सैलरी 25 से 40 हजार रुपये हर महीने मिल सकती है. वहीं, अनुभव के साथ ये 1 से 1.5 लाख रुपये तक पहुंच सकती है.