ICU में जलते मरीजों को छोड़कर भाग गए अस्पताल वाले, मुजफ्फरपुर अग्निकांड में बड़ा खुलासा

मुजफ्फरपुर के प्रसाद अस्पताल के आईसीयू में लगी आग मामले में बड़ा खुलासा हुआ है. आग लगने के बाद अस्पताल का स्टाफ मरीजों को छोड़कर फरार हो गया. इसके बाद दमकल विभाग ने मरीजों को बचाने के लिए खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर रेस्क्यू किया.

Advertisement
अस्पताल के आईसीयू में आग लगी. (Photo- ITG) अस्पताल के आईसीयू में आग लगी. (Photo- ITG)

मणि भूषण शर्मा

  • पटना,
  • 04 जून 2026,
  • अपडेटेड 8:43 AM IST

बिहार के मुजफ्फरपुर के एक अस्पताल में आग लगने का मामला सामने आया है. ये आग प्रसाद अस्पताल के आईसीयू में लगी थी, जिसमें अब तक 3 मरीजों की मौत होने की खबर है. लेकिन सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात ये है कि आग लगने के बाद अस्पताल का स्टाफ मरीजों को आग में जलता छोड़कर फरार हो गया.

प्रसाद अस्पताल में सुबह करीब 3 बजे आग भड़क उठी. शुरुआती जानकारी के मुताबिक आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है. वहीं, इस हादसे के बाद मौके पर मौजूद मरीजों के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गैर-मानवीय होने के आरोप लगाए हैं. 

Advertisement

एक पीड़ित परिजन ने बताया कि उनके पिता अस्पताल के आईसीयू में भर्ती थे और इस हादसे में उनकी जान चली गई. परिजन का आरोप है कि आग लगने पर अस्पताल के डॉक्टर और सभी कर्मचारी मरीजों को तड़पता हुआ छोड़कर फरार हो गए.

दमकल कर्मियों ने खिड़की-दरवाजे तोड़कर मरीजों को बचाया

परिजन का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन ने मृत मरीजों के शव तक मुहैया नहीं कराए. अग्निशमन अधिकारी ने भी बताया कि जब फायर ब्रिगेड टीम मौके पर पहुंची, तो अस्पताल का ज्यादातर स्टाफ वहां से फरार था. दमकल कर्मियों ने आईसीयू और अस्पताल के दूसरे वार्डों की खिड़कियां और दरवाजे तोड़कर वहां फंसे मरीजों का रेस्क्यू किया.

यह भी पढ़ें: LIVE: दिल्ली होटल के बाद अब बिहार के हॉस्पिटल में भीषण आग, 3 मरीजों की मौत, कई की हालत गंभीर

Advertisement

बढ़ सकता है मौतों का आंकड़ा

इस हादसे में अब तक 20 से ज्यादा मरीजों के घायल होने की खबर है. इन मरीजों की हालत भी नाजुक बताई जा रही है और ऐसे में मौतों का आंकड़ा भी बढ़ सकता है. फिलहाल राहत और बचाव कार्य जारी है.

जिलाधिकारी सुब्रत सेन ने तीन मौत की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि आसपास के अस्पतालों में भी कुछ गंभीर मरीज भर्ती है. उनकी स्थिति के बारे में भी पता किया जा रहा है. फिलहाल तीन डेड बॉडी यहां हैं. उन्होंने बताया कि आगे सभी तरह की जांच कराई जा रही है. अभी मौतों की आधिकारिक पुष्टि का इंतजार किया जा रहा है. 

प्रशासन पर लग रहे गंभीर आरोप

अस्पताल में मौजूद मरीजों के रिश्तेदारों ने आग लगने के बाद अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं. एक परिवार ने दावा किया कि उनके पिता, जो ICU में भर्ती थे, इस घटना में मारे गए. उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल प्रशासन ने शव उन्हें नहीं सौंपा और आग लगने के बाद कई स्टाफ सदस्य अस्पताल परिसर से गायब हो गए.

मुजफ्फरपुर के DM ने क्या बताया?

शुरुआती रिपोर्टों से पता चला है कि आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी हो सकती है. हालांकि, इसका सटीक कारण अभी तक आधिकारिक तौर पर पुष्टि नहीं हुई है. बताया जा रहा है कि इस घटना में 20 से ज़्यादा मरीज़ घायल हुए हैं और उन्हें सुरक्षित रूप से इमारत से बाहर निकाल लिया गया है. कई गंभीर रूप से बीमार मरीज़ों को पास के अस्पतालों में शिफ़्ट कर दिया गया है. सिविल सर्जन भी स्थिति का जायज़ा लेने और मेडिकल सहायता में तालमेल बिठाने के लिए घटनास्थल पर पहुंच गए हैं.

Advertisement

यह भी पढ़ें: Muzaffarpur Fire LIVE Updates: बिहार के मुजफ्फरपुर में अस्पताल में भीषण आग, 3 मरीजों की मौत, 20 से ज्यादा का रेस्क्यू

मुजफ्फरपुर के DM सुब्रत कुमार सेन ने बताया कि तीनों मृतक फिलहाल अस्पताल में हैं, जबकि घटना के समय भर्ती सभी मरीज़ों की स्थिति का पता लगाने की कोशिशें जारी हैं. कुछ मरीजों के परिवार वालों ने अधिकारियों से संपर्क करके दावा किया है कि आग लगने के बाद वे अपने रिश्तेदारों का पता नहीं लगा पा रहे हैं.

धुआं-धुआं हो गया था ICU वार्ड

अग्निशमन पदाधिकारी आरएन पांडेय ने बताया कि सुबह करीब 3 बजे आग लगने की सूचना मिली थी. जब टीम मौके पर पहुंची तो आईसीयू पूरी तरह धुएं से भरा हुआ था. उन्होंने बताया कि अस्पताल के अधिकांश कर्मचारी मौके से गायब थे. उनके मुताबिक, अब तक करीब 20 से ज्यादा मरीजों का रेस्क्यू किया गया है और 10 लोगों की मौत की सूचना मिली है. फिलहाल, हादसे के बाद राहत और बचाव कार्य जारी है. प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुटा है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »