'खुद को विजेता घोषित करे ईरान और खत्म कर दे जंग', ट्रंप को उन्हीं की भाषा में जवाब देने की मिली सलाह

ईरान-अमेरिका-इजरायल जंग के बीच पूर्व विदेश मंत्री जवाद जरीफ ने ईरान को खुद जीत घोषित कर सीजफायर और डील करने की सलाह दी, जिससे संघर्ष खत्म हो सके.

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संघर्ष रोकने को लेकर ईरान से उठी आवाज (File Photo: ITG) संघर्ष रोकने को लेकर ईरान से उठी आवाज (File Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 03 अप्रैल 2026,
  • अपडेटेड 3:16 PM IST

ईरान बनाम अमेरिका-इजरायल जंग के 35 दिन हो चुके हैं. जंग थमती नहीं दिख रही है. ट्रंप खुद को फंसे पा रहे हैं, युद्ध में सीजफायर हो नहीं पा रहा और ईरान लगातार मिडिल ईस्ट में अमेरिकी अड्डों और खाड़ी के सहयोगी देशों को टारगेट कर रहा है. ऐसे वक्त में ईरान को ट्रंप स्टाइल में ट्रंप को काउंटर करने की एक सलाह मिली है.

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ईरान के पूर्व विदेश मंत्री जावेद जरीफ ने ईरानी शासन को सलाह ही है कि ट्रंप से न हो पा रहा है तो जंग आप ही रोक दो. उन्होंने कहा कि ईरान को खुद को विजेता घोषित कर लड़ाई रोक देनी चाहिए, डील कर लेनी चाहिए और खुद अपनी ओर से सीजफायर का ऐलान कर देना चाहिए. ये ट्रंप के खिलाफ मास्टरस्ट्रोक साबित हो सकता है.

ईरान के पूर्व विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ ने अपने देश से गुजारिश की है कि वह जीत का ऐलान करे और एक ऐसा समझौता करे, जो इस संघर्ष को खत्म भी करे और अगले संघर्ष को रोके भी.

ईरान का चेहरा रह चुके हैं जरीफ...

अमेरिका स्थित 'फॉरेन अफेयर्स' में छपे एक लेख में ज़रीफ़ ने एक ऐसी रूपरेखा पेश की है, जिसे उन्होंने ईरान के लिए अमेरिका और इज़रायल के साथ युद्ध खत्म करने का एक खाका बताया. यह खाका तेहरान के लिए फ़ायदेमंद शर्तों पर आधारित है. जरीफ कई सालों तक ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर अमेरिका और दूसरे देशों के साथ बातचीत में ईरान का चेहरा रहे थे.

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क्या-क्या सुझाव दिए गए हैं?

  • ईरान को अपने परमाणु कार्यक्रम पर सीमाएं लगाने और होर्मुज़ स्ट्रेट को फिर से खोलने का प्रस्ताव देना चाहिए, जिसके बदले में उस पर लगे सभी प्रतिबंध हटा दिए जाएं. यह एक ऐसा समझौता है, जिसे वॉशिंगटन पहले स्वीकार नहीं करता, लेकिन अब शायद कर ले.
  • ईरान को अमेरिका के साथ आपसी संधि स्वीकार करने के लिए भी तैयार रहना चाहिए, जिसमें दोनों देश भविष्य में एक-दूसरे पर हमला न करने का वादा करें.
  • ईरान, अमेरिका के साथ आर्थिक लेन-देन का प्रस्ताव भी दे सकता है, जो अमेरिकी और ईरानी दोनों देशों के लोगों के लिए एक जीत होगी.

सुझाव में कहा गया है कि इन सभी नतीजों से ईरानी अधिकारियों को अपने देश को विदेशी दुश्मनों से बचाने पर कम और अपने लोगों की जिंदगी को बेहतर बनाने पर ज़्यादा ध्यान केंद्रित करने का मौका मिलेगा. दूसरे शब्दों में, तेहरान उस नए और शानदार भविष्य को सुरक्षित कर सकता है, जिसके ईरानी लोग हकदार हैं.

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