AI, साइबर सिक्योरिटी और UPI... पीएम मोदी के दौरे पर भारत-इजरायल के बीच 16 समझौते

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इजरायल दौरे के दौरान भारत और इजरायल के बीच एआई, साइबर सुरक्षा, शिक्षा, कृषि और कॉमर्स समेत कई क्षेत्रों में समझौते हुए, जिन पर यरुशलम में पीएम मोदी और उनके समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू की मौजूदगी में हस्ताक्षर किए गए. इस दौरान पीएम मोदी ने गाजा मुद्दे पर भारत का रुख दोहराते हुए कहा कि मानवता संघर्ष की शिकार नहीं बननी चाहिए और गाजा पीस प्लान से शांति का रास्ता बन सकता है.

Advertisement
पीएम मोदी इजरायल दौरे पर हैं. (Photo: ITG) पीएम मोदी इजरायल दौरे पर हैं. (Photo: ITG)

aajtak.in

  • यरुशलम,
  • 26 फरवरी 2026,
  • अपडेटेड 5:33 PM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दो दिवसीय इजरायल दौरे के दौरान गुरुवार को भारत और इजरायल के बीच कई क्षेत्रों में समझौते और समझौता ज्ञापनों (एमओयू) पर हस्ताक्षर हुए. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सुरक्षा, शिक्षा समेत कई क्षेत्रों में हुए ये समझौते दोनों देशों के बढ़ते रणनीतिक, तकनीकी और आर्थिक सहयोग को दर्शाते हैं.

ये समझौते इनोवेशन, एग्रीकल्चर, जियोफिजिकल एक्सप्लोरेशन, मैरीटाइम हेरिटेज, फिशरीज, एक्वाकल्चर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, एजुकेशन, कॉमर्स और साइबर सिक्योरिटी जैसे क्षेत्रों को कवर करते हैं. यरुशलम में प्रधानमंत्री मोदी और उनके इजरायली समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू की मौजूदगी में प्रेस बयान से पहले इन पर हस्ताक्षर किए गए.

Advertisement

'गाजा पीस प्लान से तैयार होगा शांति का रास्ता'

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को गाजा मुद्दे पर भारत का रुख एक बार फिर स्पष्ट करते हुए कहा कि 'मानवता कभी भी संघर्ष की शिकार नहीं बननी चाहिए'. इजरायल में अपने समकक्ष बेंजामिन नेतन्याहू के साथ संयुक्त प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि गाजा पीस प्लान के जरिए शांति का रास्ता तैयार किया जा सकता है.

उन्होंने कहा, 'भारत का रुख साफ है कि मानवता को कभी भी संघर्ष का शिकार नहीं बनना चाहिए. गाजा पीस प्लान के माध्यम से शांति की दिशा में एक रास्ता बनाया गया है और भारत ने इन प्रयासों का पूरा समर्थन किया है. भविष्य में भी हम सभी देशों के साथ संवाद और सहयोग जारी रखेंगे.'

पीएम मोदी ने इजरायल की संसद को किया संबोधित

Advertisement

प्रधानमंत्री ने यह संदेश भी दोहराया कि भारत शांति के पक्ष में है, साथ ही 7 अक्टूबर को इजरायल में हमास की ओर से किए गए नरसंहार की निंदा करता है. बुधवार को इजरायल की संसद कनेस्सेट में अपने ऐतिहासिक संबोधन के दौरान उन्होंने कहा कि शांति का रास्ता हमेशा आसान नहीं होता, लेकिन भारत संवाद, शांति और स्थिरता के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय के साथ मिलकर प्रयासों का समर्थन करता है.

यूपीआई को लेकर हुआ समझौता

साइबर सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए लेटर ऑफ इंटेंट और भारत की नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया तथा इजरायल की मसाव के बीच यूपीआई सिस्टम जोड़ने का एमओयू भी साइन हुआ. इसके साथ ही वाणिज्यिक मध्यस्थता समझौता, इंटरनेशनल फाइनेंशियल सर्विसेज सेंटर्स अथॉरिटी और इजरायल की इंटरनेशनल सिक्योरिटीज अथॉरिटी के बीच एमओयू तथा उभरती प्रौद्योगिकियों में सहयोग बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पर एक अलग समझौता भी किया गया. अधिकारियों के अनुसार, इन नए समझौतों से शोध, व्यापार और हाई-टेक सहयोग में महत्वपूर्ण परिणाम मिलने की उम्मीद है, जिससे भारत-इजरायल रणनीतिक साझेदारी और मजबूत होगी.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement