पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के एक और ब्लॉक अध्यक्ष को गिरफ्तार किया गया है. कूचबिहार 1-बी क्षेत्र के टीएमसी अध्यक्ष अब्दुल कादिर को पुलिस ने सोमवार की सुबह गिरफ्तार किया. पुलिस के मुताबिक, कादिर पर कई गंभीर और गैर-जमानती आरोप हैं, जिनमें राजनीतिक विरोधियों पर हिंसक हमले करवाना, तोड़फोड़, लूटपाट और महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचाना शामिल है.
जानकारी के मुताबिक, पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि कादिर गुरियाहारी नंबर 2 ग्राम पंचायत इलाके में मौजूद हैं. इसके बाद पुलिस की एक स्पेशल टीम ने इलाके में छापेमारी की और अपने कब्जे में ले लिया.
गिरफ्तारी के बाद भारी सुरक्षा के बीच उन्हें कूचबिहार कोर्ट में पेश किया गया. कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उन्हें पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है.
क्या है पूरा मामला?
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, यह मामला चुनाव से पहले हुई हिंसा से जुड़ा हुआ है. आरोप है कि अब्दुल कादिर ने अपने समर्थकों के साथ मिलकर विपक्षी दल के कई कार्यकर्ताओं के घरों को निशाना बनाया था और इस दौरान तोड़फोड़ भी हुई, सामान लूटे गए. इसके साथ ही, महिलाओं के साथ बदसलूकी और डराने-धमकाने के आरोप भी लगे हैं.
हालांकि, कोर्ट से बाहर निकलते वक्त अब्दुल कादिर ने सभी आरोपों को राजनीतिक साजिश बताया. उन्होंने कहा कि वह फरार नहीं थे, बल्कि जांच में सहयोग करने के लिए खुद पुलिस के सामने आए हैं.
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कैसे बढ़ा राजनीतिक तनाव?
पिछले कुछ दिनों में कूचबिहार इलाके में यह टीएमसी के किसी ब्लॉक अध्यक्ष की दूसरी बड़ी गिरफ्तारी है. इससे पहले, कूचबिहार ब्लॉक-2 के टीएमसी अध्यक्ष शुभंकर डे को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया था. उन पर 5 अगस्त 2025 को शुभेंदु अधिकारी के काफिले पर हुए हमले में शामिल होने का आरोप है.
लगातार हो रही गिरफ्तारियों के बाद कूचबिहार की सियासत में तनाव बढ़ गया है. पुलिस का कहना है कि चुनावी हिंसा से जुड़े मामलों में जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
मंसूर हबीबुल्लाह