'14 प्लेयर्स और स्टाफ भी मेरे जिम्मे', खराब फॉर्म के सवाल पर कप्तान का काम गिनाने लगे सूर्या

भारतीय टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव खराब फॉर्म को लेकर दबाव में हैं, लेकिन उनका कहना है कि टीम की जीत उनके लिए सबसे अहम है. वह अपने खेलने के अंदाज़ में बदलाव नहीं करना चाहते और भरोसा रखते हैं कि मेहनत के दम पर रन जरूर आएंगे.

Advertisement
अपने खराब फॉर्म के सवाल पर क्या बोले सूर्यकुमार यादव (Photo: ITG) अपने खराब फॉर्म के सवाल पर क्या बोले सूर्यकुमार यादव (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 20 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 9:34 PM IST

भारतीय टी20 टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव हाल के दिनों में अपने खराब फॉर्म को लेकर आलोचनाओं के घेरे में रहे हैं. रोहित शर्मा से कप्तानी संभालने के बाद सूर्यकुमार यादव का बल्ला खामोश ही है. कभी टी20 अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में नंबर-1 बल्लेबाज़ रहे सूर्या, कप्तान के तौर पर खेले गए 38 टी20 मैचों में उन्होंने 748 रन बनाए हैं. उनका औसत 23.37 और स्ट्राइक रेट 151.11 रहा है. उनका आखिरी अर्धशतक अक्टूबर 2024 में आया था, जो उनकी बल्लेबाज़ी को लेकर चिंता बढ़ाता है.

Advertisement

भारत-न्यूजीलैंड के बीच बुधवार को नागपुर में मैच खेला जाना है. इससे पहले प्री-मैच प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने कहा कि वह अपने खेल की पहचान से समझौता नहीं करना चाहते. सूर्यकुमार यादव ने कहा, 'मैं अच्छी बल्लेबाज़ी कर रहा हूं और रन जरूर आएंगे. लेकिन मैं अपना खेल नहीं बदलना चाहता.'

उन्होंने आगे कहा, मैं उसी तरह बल्लेबाज़ी करना चाहता हूं. अगर रन बनते हैं तो अच्छा है. अगर नहीं बनते, तो मैं फिर से मेहनत करूंगा, अभ्यास करूंगा और मजबूत होकर वापसी करूंगा.

यह भी पढ़ें: IND vs NZ 1st T20I: ईशान किशन या श्रेयस अय्यर? नंबर 4 की जंग में कौन जीतेगा, नागपुर टी20 में प्लेइंग 11 में क‍िसे म‍िलेगा मौका

यह कोई व्यक्तिगत खेल नहीं है

सूर्यकुमार यादव का मानना है कि उनकी निजी फॉर्म से ज्यादा टीम का प्रदर्शन अहम है. यही वजह है कि वह खुद पर ज्यादा दबाव नहीं डाल रहे हैं. उन्होंने कहा, अगर यह टेबल टेनिस या लॉन टेनिस जैसा व्यक्तिगत खेल होता, तो शायद मैं ज्यादा सोचता. लेकिन क्रिकेट एक टीम गेम है.

Advertisement

उन्होंने जोड़ा, मेरी पहली जिम्मेदारी यह देखना है कि टीम कैसा प्रदर्शन कर रही है. अगर टीम जीत रही है, तो मैं खुश हूं. अगर मेरे रन भी साथ में आ जाएं तो बहुत अच्छा, और अगर नहीं आएं तो भी ठीक है.

सू्र्या ने बताई अपनी जिम्मेदारियां

सूर्या ने कहा, मुझे बाकी 14 खिलाड़ियों और सपोर्ट स्टाफ का भी ध्यान रखना होता है. मुझे लीडर बनाया गया है, तो सभी की जिम्मेदारी मेरी है. टीम गेम में व्यक्तिगत उपलब्धियों की कोई जगह नहीं होती. सभी को आगे आकर योगदान देना होता है और एक-दूसरे की सफलता से खुश होना चाहिए.

क्या कप्तानी का असर फॉर्म पर पड़ा?

जब उनसे पूछा गया कि क्या कप्तानी की वजह से उनकी बल्लेबाज़ी प्रभावित हुई है, तो सूर्यकुमार ने माना कि दोनों के बीच कुछ हद तक संबंध जरूर है, लेकिन वह इसे लेकर सकारात्मक हैं.

उन्होंने कहा, इतनी बड़ी टीम की कप्तानी करेंगे, तो दबाव रहेगा. बिना दबाव कोई नहीं खेलता. हां, कप्तान बनने के बाद फॉर्म में गिरावट आई है, लेकिन अगर आप देखें, तो कप्तानी संभालने के बाद शुरुआती 7-8 टी20 मैचों में मैंने एक शतक और कुछ अर्धशतक भी लगाए थे.

उन्होंने फिर दोहराया कि वह नेट्स में अच्छी बल्लेबाज़ी कर रहे हैं और जल्द ही रन आएंगे.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement