कॉमेडियन सुनील पाल हाल ही में 'द ग्रेट इंडियन कपिल शो' में पहुंचे थे. इस शो में 'इंडियाज गॉट टैलेंट' विवाद के बाद पहली बार समय रैना और रणवीर इलाहबादिया एक साथ नजर आए थे. शो के दौरान, समय ने कई बार सुनील पाल का मजाक उड़ाया (रोस्ट किया), जिससे यह चर्चा शुरू हो गई कि सुनील को सिर्फ बेइज्जत करने के लिए ही बुलाया गया था.
अब सोशल मीडिया पर चल रही इन बातों पर सुनील पाल का रिएक्शन आया है. HT से बात करते हुए सुनील ने साफ किया कि उन्हें जरा भी अपमान महसूस नहीं हुआ. उन्होंने इसे कॉमेडी कल्चर का एक हिस्सा बताया, जहां मजाक-मस्ती और टांग-खिंचाई आम बात है. उन्होंने जोर देकर कहा कि उन्होंने समय के मजाक को अच्छे भाव से लिया.
सुनील पाल का आया रिएक्शन
कॉमेडियन सुनील पाल ने कहा, 'मैं इसे अपमान नहीं मानता, क्योंकि यह एक कॉमेडी शो है और कॉमेडी शो में अक्सर टांग-खिंचाई होती रहती है. अगर समय मेरे सामने आ जाए, तो मैं उस पर हमला करने या उसे मारने-काटने तो नहीं दौड़ूंगा; हमारे बीच ऐसा कोई मनमुटाव नहीं है. लोग एक-दूसरे का मजाक उड़ाते ही हैं; मैंने समय पर पंचलाइन कहीं और उसने भी मेरे साथ वैसा ही किया. अगर यह कोई गंभीर विषय या गंभीर शो होता, तो हमें शिकायत करने का पूरा हक होता. यहां तक कि शाहरुख खान जैसे बड़े सितारे भी ऐसे शो में मजाक का पात्र बन जाते हैं, इसलिए मुझे कोई शिकायत नहीं है.'
सुनील ने बताया कि उन्हें पहले से ही इस बात की जानकारी थी कि 'द ग्रेट इंडियन कपिल शो' में समय रैना भी मौजूद रहेंगे. उनसे यह भी पूछा गया था कि वे किस तरह की कॉमेडी में विश्वास रखते हैं और इस बारे में उनका क्या नजरिया है. जब उनसे पूछा गया कि क्या इस शो में आने के बाद समय के साथ उनके गिले-शिकवे दूर हो गए हैं, तो सुनील ने साफ किया कि उनके मन में समय के लिए कोई निजी रंजिश नहीं है.
अश्लील भाषा से ठेस
उन्होंने समझाया कि यह पूरी तरह से विचारों का मतभेद है. उन्होंने आगे कहा कि उनकी चिंता सिर्फ समय तक ही सीमित नहीं है, बल्कि यह कई ऐसे 'Gen-Z' (नई पीढ़ी के) कॉमेडियन पर भी लागू होती है, जो अपनी कॉमेडी में गाली-गलौज और अश्लील भाषा का बहुत ज्यादा इस्तेमाल करते हैं.
पाल ने आगे कहा, 'मैं तो यही कहता हूं कि जब आपके पास इतनी प्रतिभा (potential) है, इंटरनेट और शिक्षा तक आपकी पहुंच है, और आपको हर चीज का ज्ञान है, तो आपके कॉमेडी के विषय तो और भी ज्यादा बेहतरीन और स्तरीय होने चाहिए.'
सुनील ने कहा कि दर्शकों को अच्छी और सार्थक कॉमेडी देखने का पूरा हक है, क्योंकि यह उनका अधिकार है. लेकिन उन्हें यह देखकर दुख होता है कि आजकल की ज्यादातर कॉमेडी घूम-फिरकर गाली-गलौज और अश्लील भाषा पर ही आकर टिक जाती है, जिससे उन्हें व्यक्तिगत तौर पर ठेस पहुंचती है.
युवाओं की दी सलाह
उन्होंने कहा कि युवा कॉमेडियन से उनकी बस एक ही गुजारश है कि उनके पास जो पहुंच और मंच उपलब्ध हैं, उनका इस्तेमाल वे और भी ज्यादा जिम्मेदारी और क्रिएटिविटी के साथ करें. अपनी खुद की यात्रा पर विचार करते हुए, उन्होंने कहा कि पहले के कॉमेडियन के पास आज जैसी सुविधाएं या पहचान नहीं थी, फिर भी उन्होंने खुद को ढाल लिया और अपने मूल्यों या हास्य के साथ कोई समझौता किए बिना, साफ-सुथरी और पारिवारिक कॉमेडी को ही चुना.
आजतक एंटरटेनमेंट डेस्क