क्रिकेट के शौकीन सत्‍य नाडेला ऐसे बने माइक्रोसॉफ्ट के CEO...

माइक्रोसॉफ्ट के तीसरे CEO सत्‍य नाडेला भारतीय मूल के हैं. हैदराबाद के एक साधारण परिवार में जन्‍मे सत्‍य की कहानी किसी के लिए भी प्रेरणादायक हो सकती है...

Advertisement
सत्‍य नाडेला सत्‍य नाडेला

मेधा चावला

  • नई दिल्‍ली,
  • 10 जनवरी 2017,
  • अपडेटेड 6:59 PM IST

सत्‍य नाडेला का जन्‍म हैदराबाद में एक तेलुगु परिवार में हुआ था. उनका परिवार आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले का रहने वाला है. उनके पिता बीएन युगांधर आईएएस अधिकारी रहे और 2004-09 तक प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अध्यक्षता वाले योजना आयोग के सदस्य भी रहे हैं.


कहां हुई पढ़ाई
सत्‍य ने मणिपाल इंस्‍टीट्यूट ऑफ टेक्‍नोलॉजी से बैचलर डिग्री ली. इसके बाद वे MS करने के लिए अमेरिका चले गए. वहां यूनिवर्सिटी ऑफ विसकॉनसिन से उन्‍होंने ये डिग्री ली. उन्‍होंने शिकागो से MBA भी किया. कुछ दिन सन माइक्रोसिस्‍टम्‍स में काम करने के बाद 1992 में उन्‍होंने माइक्रोसॉफ्ट ज्‍वाइन कर लिया.

Advertisement


क्रिकेट के शौकीन
नाडेला हैदराबाद में पले-बढ़े हैं और अन्‍य भारतियों की तरह उन्‍हें भी क्रिकेट का शौक है. स्‍कूल में वे क्रिकेट टीम का हिस्‍सा होते थे और आज कहते हैं कि उनमें जो लीडरशिप क्‍वालिटी है वह क्रिकेट टीम का हिस्‍सा होने का नतीजा है.

युवाओं को देते हैं ये सीख
Be passionate and bold. Always keep learning. You stop doing useful things if you don't learn की सलाह छात्रों को देने वाले नाडेला ने माइक्रोसॉफ्ट में कई महत्‍वपूर्ण प्रोजेक्‍ट्स संभाले. उन्‍होंने क्‍लाउड सर्विसेज का रेवेन्‍यू 16.6 बिलियन डॉलर से बढ़ाकर 20.3 बिलियन डॉलर किया. पहले वे रिसर्च एंड डेवलेपमेंट के वाइस प्रेसिडेंट बने और फिर माइक्रोसॉफ्ट बिजनेस डिवीजन के.

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement