ट्रंप या हैरिस... कौन है अमेरिकी भारतीयों की पहली पसंद? किसको दे रहे हैं वोट

ट्रंप बनाम कमला हैरिस की इस लड़ाई में प्रवासी भारतीय या वो अमेरिकी भारतीय जो इस राष्ट्रपति चुनाव में वोट करने वाले हैं, उनका रुझान किस ओर है और उनके मुद्दे क्या हैं ये जानने के लिए हमने अमेरिका में बसे अमेरिकी भारतीय वोटरों से बातचीत की जो अमेरिका के अलग-अलग राज्यों में अपना मुकाम बना चुके हैं.

Advertisement
अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में कौन है अमेरिकी भारतीयों की पसंद अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में कौन है अमेरिकी भारतीयों की पसंद

आशुतोष मिश्रा

  • नई दिल्ली,
  • 05 नवंबर 2024,
  • अपडेटेड 12:36 PM IST

अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में अब कुछ घंटे ही शेष रह गए हैं. कई सारे राज्यों में एडवांस वोटिंग ने रफ्तार पहले ही पकड़ ली है. अमेरिका में इस चुनाव को लेकर बहुत ज्यादा उत्साह है, जिसके चलते अर्ली वोटिंग को काफी बढ़ावा मिला है. अमेरिकी भारतीय भी इस चुनाव को लेकर खासा उत्साहित हैं और अलग-अलग मुद्दों पर वो अलग-अलग नेतृत्व को पसंद कर रहे हैं. भारतीय अमेरिकी लोगों के लिए फिलहाल महंगाई और इमिग्रेशन पॉलिसी सबसे बड़ा मुद्दा है जिसपर उनकी नजर है और इसी को देखते हुए वो अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव में वोट डाल रहे हैं. 

Advertisement

ट्रंप बनाम कमला हैरिस की इस लड़ाई में प्रवासी भारतीय या वो अमेरिकी भारतीय जो इस राष्ट्रपति चुनाव में वोट करने वाले हैं, उनका रुझान किस ओर है और उनके मुद्दे क्या हैं ये जानने के लिए हमने अमेरिका में बसे अमेरिकी भारतीय वोटरों से बातचीत की जो अमेरिका के अलग-अलग राज्यों में अपना मुकाम बना चुके हैं और अपनी एक अलग पहचान भी बना चुके हैं. 

क्या है अमेरिकी भारतीयों के अहम मुद्दे?

न्यूजर्सी में बड़े व्यापारी और इंडियन कम्युनिटी ग्रुप में सक्रिय आलोक कुमार ने कहा, 'हमारे लिए सबसे बड़ा मुद्दा है कि भारतीय अमेरिकी मूल के लोगों का प्रतिनिधित्व कैसे सरकार में पढ़े और दूसरा सबसे बड़ा मुद्दा है की कानूनी इमिग्रेशन को कैसे और बढ़ाया जाए ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों को अमेरिका में काम करने का मौका मिले. लीगल इमिग्रेशन के जरिए आपको पता होता है कि आपके देश में कौन आ रहा है और क्या करने आ रहा है और हम चाहते हैं उस को बढ़ावा मिले.'

Advertisement

रियल स्टेट सेक्टर के बहुत बड़े कारोबारी अनिल बंसल का कहना है, 'हमें अपने क्षेत्र के लिए दोनों तरह के लोगों की ज़रूरत होती है जिसमें स्किल्ड लेबर और अन-स्किल्ड लेबर की जरूरत है और जहां तक रियल स्टेट में अन-स्किल्ड लेबर की बात है वो हमें इल्लीगल इमिग्रेंट में ही ज्यादा मिलते हैं. हमें नहीं लगता कि अवैध इमिग्रेशन कोई बहुत ज्यादा बुरी बात है.' अनिल बंसल आगे कहते हैं कि अगर हमारे पॉकेट के नजरिए से देखें तो हमारे लिए ट्रंप ज्यादा अच्छा है क्योंकि वो हमारे टैक्स कम करता है और उसने पहले भी किया है यानी हमारी जेब में ज्यादा पैसा आता है लेकिन लंबी रेस में अमेरिका के लिए काफी बुरा सिद्ध हो सकते हैं.

अमेरिका में रहने वाली भारतीय मूल की अनुभाग राज, जो पेशे से बैंकर हैं और हाउसवाइफ भी हैं और इस चुनाव में उन्होंने अपना वोट भी डाल दिया हैं. अनुभाग कहती है कि ट्रंप को वो इसलिए वोट नहीं देंगी क्योंकि उनकी नीतियां और जिस तरीके से वो महिलाओं का सम्मान नहीं करते वह एक बड़ी वजह है. वो कहती हैं कि महिलाओं के अधिकार को लेकर वो ट्रंप का समर्थन नहीं करती है क्योंकि उनकी दो बेटियां हैं. अनुभाग ने कहा कि इमिग्रेशन पॉलिसी के मुद्दे पर भी वो ट्रंप का समर्थन नहीं करती. उनका कहना है कि हम लोग भी हिन्दुस्तान छोड़कर के यहां आकर बसे और यहां काम किया, ऐसे में हम दूसरों से वो मौका क्यों छीनें. अनुभाग कहती हैं कि लीगल एमिग्रेशन को बढ़ावा मिलना चाहिए और कमला हैरिस भारतीय मूल की हैं और उनकी नीतियां उन्हें पसंद है क्योंकि उनके पास प्रशासन का अनुभव है.

Advertisement

डॉक्टर अविनाश गुप्ता जाने माने कार्डियोलॉजिस्ट हैं और अमेरिकी चुनाव में बहुत दिलचस्पी रखते हैं. उन्होंने भी एडवांस में अपना वोट डाल दिया है और इस चुनाव में अपने रुझान और मुद्दों को लेकर कहते हैं, 'मेरे पास जितने मरीज आते हैं हर कोई कहता है महंगाई बढ़ गयी है और जीवन रक्षक दवाइयों की कीमतें बहुत ज्यादा बढ़ गई हैं जिसके चलते लोग बहुत सारी दवाइयां नहीं खरीद रहे हैं. वो उन पैसों से ग्रोसरी खरीद रहे हैं जिसकी एक बड़ी वजह है ओपन बॉर्डर जिसके चलते इल्लीगल प्रवासी अमेरिका में आ रहे हैं.

और दूसरा बड़ा मुद्दा है यूक्रेन रूस इजराइल का युद्ध, जिसके चलते भी वैश्विक बाजार पर असर पड़ा है. तो ज्यादातर लोग और हम लोग ये मानते हैं कि अगर ट्रंप प्रशासन में आते हैं तो इन परिस्थितियों पर रोक लगाई जाएगी और महंगाई पर भी नियंत्रण होगा.' डॉक्टर गुप्ता कहते हैं कि अमेरिका और पूरी दुनिया के लिए यह चुनाव बेहद महत्वपूर्ण है ताकि भारत और अमेरिका के रिश्ते और भी बेहतर और मजबूत हों क्योंकि ट्रंप के रिश्ते प्रधानमंत्री मोदी के साथ बहुत अच्छे हैं.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement