अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ जारी युद्ध को लेकर बड़ा बयान दिया है. ओहियो और केंटकी के दौरे पर रवाना होते समय ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी सैन्य अभियान अभी जारी रहेगा और जरूरत पड़ने पर इससे भी कड़ी कार्रवाई की जा सकती है.
मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने दावा किया कि ईरान की सैन्य ताकत को भारी नुकसान पहुंचाया गया है. उन्होंने कहा, 'उन्होंने (ईरान) अपनी नौसेना खो दी है, अपनी एयरफोर्स खो दी है और उनके कई बड़े नेता भी अब नहीं रहे. हम चाहें तो इससे भी ज्यादा कड़ी कार्रवाई कर सकते हैं.'
ऑपरेशन खत्म करने पर क्या बोले ट्रंप
जब उनसे पूछा गया कि सैन्य अभियान खत्म करने के लिए अमेरिका को और क्या करना होगा, तो ट्रंप ने कहा, 'हम वही करते रहेंगे जो अभी कर रहे हैं और देखेंगे कि इसका क्या नतीजा निकलता है.'
ट्रंप ने वैश्विक तेल आपूर्ति के अहम मार्ग Strait of Hormuz को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने कहा कि तेल कंपनियों को इस रास्ते का बेखौफ होकर इस्तेमाल करना चाहिए और उन्हें इससे घबराने की जरूरत नहीं है.
अमेरिका पर हमले को लेकर नहीं चिंता
राष्ट्रपति ट्रंप ने यह भी कहा कि उन्हें ईरान समर्थित समूहों की ओर से अमेरिकी जमीन पर हमले की आशंका को लेकर ज्यादा चिंता नहीं है. उनके मुताबिक, अमेरिकी सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं और किसी भी खतरे से निपटने के लिए तैयार हैं. इस दौरान जब ट्रंप से उस रिपोर्ट के बारे में पूछा गया जिसमें कहा गया है कि अमेरिकी हमले में ईरान के एक स्कूल को निशाना बनाया गया, तो उन्होंने कहा, 'मुझे इसके बारे में जानकारी नहीं है.'
'ईरान में टारगेट बनाने के लिए कुछ नहीं बचा'
इससे पहले दिन में राष्ट्रपति ट्रंप ने दावा किया है कि ईरान के साथ जारी युद्ध जल्द खत्म हो सकता है, क्योंकि अब वहां निशाना बनाने के लिए लगभग कुछ भी नहीं बचा है. अमेरिकी मीडिया प्लेटफॉर्म Axios को दिए एक संक्षिप्त फोन इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि ईरान में सैन्य ठिकानों और लक्ष्यों पर बड़े पैमाने पर हमले हो चुके हैं.
रिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप ने कहा, 'अब वहां (ईरान) निशाना बनाने के लिए लगभग कुछ भी नहीं बचा है. बस थोड़ा-बहुत ही बाकी है. जब भी मैं चाहूं, यह युद्ध खत्म हो जाएगा.' हालांकि ट्रंप ने यह स्पष्ट नहीं किया कि युद्ध समाप्त करने के लिए अमेरिका किस तरह की रणनीति अपनाएगा या संघर्षविराम की कोई औपचारिक प्रक्रिया शुरू की जाएगी या नहीं.
मिडिल ईस्ट में 28 फरवरी से चल रही जंग
गौरतलब है कि 28 फरवरी से ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच जंग जारी है. इसमें अब तक सैकड़ों लोगों की मौत हो चुकी है. हाल के दिनों में ईरान में अमेरिका और इजरायल ने कई सैन्य और ऊर्जा ठिकानों को निशाना बनाया है. पलटवार में ईरान में अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहा है.
बुधवार को भी ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में कई हमले किए. ड्रोन हमलों में दुबई एयरपोर्ट के पास विस्फोट हुए, जबकि फारस की खाड़ी और स्ट्रेट ऑफ हॉर्मूज में कई व्यावसायिक जहाजों को निशाना बनाया गया. इस बीच अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान पर लगातार हवाई हमले जारी हैं. दुबई मीडिया कार्यालय के अनुसार, दो ईरानी ड्रोन दुबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पास गिरे, जिससे चार लोग घायल हो गए. हालांकि एयरपोर्ट पर उड़ानों का संचालन जारी रहा.
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