'होर्मुज बंद है, वापस जाएं...', भारतीय जहाज को ईरानी सेना का संदेश, सामने आया Audio

खाड़ी देशों में तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा है. हाल ही में एक ऑडियो सामने आया है, जिसमें ईरानी सेना एक भारतीय जहाज को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) से गुजरने से रोक रही है. ईरान ने अमेरिकी नाकाबंदी के जवाब में इस महत्वपूर्ण जलमार्ग को फिर से बंद करने का फैसला किया है.

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ईरानी नेवी ने  होर्मुज से वापस भेजा भारतीय जहाज. (File Photo) ईरानी नेवी ने होर्मुज से वापस भेजा भारतीय जहाज. (File Photo)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 19 अप्रैल 2026,
  • अपडेटेड 11:27 AM IST

ईरानी सेना (IRGC) ने शनिवार को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजर रहे एक भारतीय जहाज को रोक लिया और उसे वहां से तुरंत अपने पोर्ट लौटने का निर्देश दिया. एक ऑडियो रिकॉर्डिंग में ये पूरा संवाद कैद हो गया है, जिसमें भारतीय जहाज के कैप्टन और IRGC नेवी कैप्टन के बीच बातचीत सुनाई दे रही है.

ईरानी अधिकारी ने स्पष्ट कहा कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से आवाजाही पर अभी भी रोक है, आप यहां से तुरंत अपने पोर्ट पर लौट जाएं, गो टू बैक इमीडीएटली.

भारतीय कैप्टन ने जवाब में कहा, 'ठीक है, मैं आपका मैसेज दोहराता हूं. स्ट्रेट ऑफ होर्मुज अभी भी बंद है, ओके सर.' इसके बाद IRGC नेवी कैप्टन ने जवाब दिया, 'जी सर.'

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इसके बाद जहाज ने अपना रास्ता बदल लिया. 'भाग्य लक्ष्मी' नाम के इस जहाज के चालक दल ने ईरानी नौसेना के साथ हुए इस पूरे संवाद को साझा किया है.

भारत ने ईरानी राजदूत को किया तलब

इस ऑडियो से पहले ईरानी गनबोट्स ने दो भारतीय झंडे वाले जहाजों पर गोलीबारी की. ये जहाज इराकी तेल ले जा रहा था. इस गोलीबारी में किसी भी प्रकार की हाताहात की जानकारी सामने नहीं आई है.

वहीं, गोलीबारी की घटना के बाद भारत सरकार ने गहरी चिंता व्यक्त करते हुए ईरान के राजदूत को तलब किया. विदेश मंत्रालय ने नई दिल्ली में ईरान के राजदूत को बुलाकर उनसे बातचीत की. इस दौरान भारत के विदेश सचिव ने साफ तौर पर अपनी चिंता जताई. 

उन्होंने कहा कि शनिवार होर्मुज में दो भारतीय झंडे वाले जहाजों पर हुई फायरिंग बहुत गंभीर मामला है. विदेश सचिव ने यह भी याद दिलाया कि पहले ईरान ने भारत जाने वाले सुरक्षित रास्ता देने में मदद की थी. इस लिए अब भी उम्मीद है कि ईरान सहयोग करेगा.

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दरअसल, ईरानी अधिकारी ने कहा था कि सभी जहाज IRGC के साथ समन्वय के बाद ही गुजर सकते हैं. वहीं, विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि लेबनान और इजरायल के बीच युद्धविराम समझौते के बाद यह मार्ग खुला है. अराघची के बयान के बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में जहाजों की हलचल बढ़ने लगी, लेकिन IRGC नेवी ने ईरानी बंदरगाहों पर अमेरिका द्वारा जारी आर्थिक नाकाबंदी के विरोध में इस रणनीतिक जलमार्ग को फिर से बंद कर दिया है. अब जहाजों पर फायरिंग से ऐसा लगता है कि जमीनी स्तर पर फैसले IRGC ले रहा है. इससे पहले अमेरिकी मध्यस्थता में हुए 10 दिवसीय युद्धविराम के बाद दर्जनभर से ज्यादा जहाजों ने यहां से सुरक्षित सफर किया था.

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