अफगानिस्तान ने शुक्रवार को दिन में इस्लामाबाद में एयरस्ट्राइक कर अपनी ताकत का प्रदर्शन कर दिया है. इस बीच अफगानिस्तान के आर्मी चीफ फसीहुद्दीन फितरत ने पाकिस्तान को संबोधित करते हुए कहा कि अगर पाकिस्तान अफगानिस्तान के किसी भी हिस्से का "उल्लंघन" करता है, तो उसे और भी ज़्यादा मजबूत और निर्णायक जवाब मिलेगा.
पाकिस्तान के मिलिट्री लीडरशिप को संबोधित करते हुए फसीहुद्दीन फितरत ने कहा कि अफगानिस्तान पाकिस्तान के किसी भी हमले का जवाब दिए बिना नहीं छोड़ेगा.
उंगली भी दिखाई तो हम मुट्ठी से जवाब देंगे: अफगान आर्मी चीफ
फसीहुद्दीन फितरत ने कहा कि अगर पाकिस्तान ने उंगली भी दिखाई तो हम मुट्ठी से जवाब देंगे.
चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ ने चेतावनी दी कि अगर पाकिस्तान का मिलिट्री शासन अफगानिस्तान को अस्थिर करने की कोशिश करता है, तो वे इस्लामाबाद या उस देश के दूसरे बड़े सेंटर्स में भी सुरक्षित नहीं रहेंगे.
गौरतलब है कि अफगानिस्तान ने शुक्रवार को इस्लामाबाद में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री आवास से मात्र 5 किलोमीटर दूर पाक के एक आर्मी कैंप पर एयरस्ट्राइक किया है. इसके अलावा अफगानिस्तान ने खैबर पख्तूनख्वा के नौशेरा, जमरूद और एबटाबाद में भी एयर स्ट्राइक किया है.
पाकिस्तान ने माना 12 सैनिक मारे गए, 27 जख्मी
इस बीच पाकिस्तान की सेना ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा है कि अफगानिस्तान के हमले में 12 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए हैं, जबकि एक सैनिक लापता है और 27 जख्मी हुए हैं. जबकि पाकिस्तान का दावा है कि उसने 274 अफगानियों को मार गिराया है.
DG ISPR ने अफ़गान तालिबान सरकार को एक “इंटरनेशनल लेवल पर मान्यता प्राप्त आतंकवादी संगठन” कहा है, जो कल रात पाकिस्तान पर हमले के लिए ज़िम्मेदार है. DG ISPR ने कहा है, “यह हमला इस मास्टर प्रॉक्सी ने तालमेल, मिलीभगत और एक आतंकवादी संगठन के सपोर्ट में किया था.”
पाकिस्तान ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि पाकिस्तानी सेना ने 73 पोस्ट तबाह कर दिए हैं और 18 पर कब्ज़ा कर लिया है. उन्होंने यह भी कहा कि, एक मोटे अंदाज़े के मुताबिक, 115 टैंक, आर्मर्ड पर्सनल कैरियर और आर्टिलरी पीस तबाह हो गए.
आठ अफगानी सैनिक मारे गए
वहीं अफगानिस्तान ने कहा है कि उसके हमले में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए जबकि उसके 8 सैनिक शहीद हुए हैं.
अफगानिस्तान ने कहा है कि ये हमले पाकिस्तान की ओर से काबुल और कंधार में किए गए हमलों के जवाब में किया गया है.
अफगानिस्तान के आर्मी चीफ फितरत ने जोर देकर कहा कि देश की सुरक्षा सेनाओं में अफगानिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने की क्षमता है.
इस बीच अफगानिस्तान में पाकिस्तान के खिलाफ जबर्दस्त गुस्सा देखने को मिल रहा है. अफगानियों ने कहा है कि वे पाकिस्तान के ज़ुल्म के सामने अफ़गान लोग चुप नहीं रहे हैं. पहले भी अफ़गान लोगों ने सबसे ताकतवर विदेशी हमलावरों का भी विरोध किया है, और आज वे पाकिस्तान के आक्रामक कामों के खिलाफ़ एकजुट हैं.
जिहाद का ऐलान करें हमारे नेता
कुछ नागरिकों ने पाकिस्तान को इस्लाम और इंसानियत का दुश्मन बताया और इसकी तुलना रमज़ान के दौरान गाज़ा पर इज़राइली हमलों से की. उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि अफ़गान लोग हर हाल में अपने देश की रक्षा करेंगे और अपने सिक्योरिटी फ़ोर्स का साथ देंगे.
बघलान के एक रहने वाले ने कहा कि अगर हमारे लीडर जिहाद का आह्वान करते हैं, तो वह और कई दूसरे लोग अफ़गानिस्तान की रक्षा के लिए खड़े होने को तैयार हैं.
इस बीच अफगानिस्तान के गृह मंत्री खलीफा सिराजुद्दीन हक्कानी ने खोस्त की ग्रैंड मस्जिद में एक बड़ी सभा को संबोधित किया. हक्कानी ने लोगों की मजबूती की तारीफ की और पाकिस्तान के ख़िलाफ़ जवाबी कार्रवाई का ऐलान किया.
हमारे हाथ उनके गर्दन तक पहुंच सकते हैं
तालिबान सरकार के प्रवक्ता ज़बीहुल्लाह मुजाहिद ने चेतावनी दी कि अगर पाकिस्तान अपनी मिलिट्री कार्रवाई जारी रखता है, तो इस्लामिक अमीरात की सेना के पास भी “उसके खिलाफ़ निर्णायक कार्रवाई करने की क्षमता है.”
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुजाहिद ने कहा कि पाकिस्तान ने कल रात सीज़फ़ायर की 'बार-बार मांग' की थी. उन्होंने आगे कहा, "हमने पाकिस्तान में जरूरी मिलिट्री ठिकानों को निशाना बनाया है, और इससे यह संदेश जाता है कि हमारा हाथ उनकी गर्दन तक पहुंच सकती है."
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