बंगाल: घरों में झाड़ू-पोछा कर ₹2,500 महीने कमाने वाली कल्पिता माझी बनीं विधायक

बीजेपी की कल्पिता माझी ने घरेलू कामगार से विधायक बनने का अनोखा सफर तय किया है. बंगाल के मझपुकुर पार की रहने वाली कल्पिता ने चार घरों में सफाई का काम करते हुए परिवार का खर्च चलाया.

Advertisement
2021 में भी चुनाव लड़ चुकी हैं कल्पिता माझी 2021 में भी चुनाव लड़ चुकी हैं कल्पिता माझी

आदित्य बिड़वई

  • कोलकाता,
  • 05 मई 2026,
  • अपडेटेड 7:17 AM IST

पश्चिम बंगाल की औशग्राम विधानसभा सीट ने इस बार एक ऐसी कहानी लिखी है, जिसने राजनीति से ज्यादा आम जिंदगी की जद्दोजहद को सुर्खियों में ला दिया है. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की उम्मीदवार कल्पिता माझी ने इस सीट से जीत हासिल कर विधायक पद अपने नाम कर लिया है.

गुस्करा नगरपालिका के वार्ड नंबर 3 के मझपुकुर पार की रहने वाली कल्पिता माझी कभी सिर्फ घरेलू कामगार के तौर पर जानी जाती थीं. वह चार घरों में झाड़ू-पोछा और सफाई का काम कर करीब ₹2,500 महीने कमाकर अपने परिवार का खर्च चलाती थीं लेकिन अब वही कल्पिता माझी जनता के वोट से विधायक बन गई हैं.

Advertisement

चुनाव परिणामों के अनुसार, कल्पिता माझी ने औशग्राम सीट से 1,07,692 वोट हासिल किए और अपने प्रतिद्वंद्वी श्यामा प्रसन्ना लोहार को 12,535 वोटों के अंतर से हराया. यह जीत उनके लिए सिर्फ एक राजनीतिक सफलता नहीं, बल्कि लंबे संघर्ष की बड़ी पहचान बन गई है. कलिता माजी ड्राई क्लीनर और सफाईकर्मी का काम कर परिवार चलाती थीं. अनुसूचित जाति (एससी) वर्ग से आने वाली कल्पिता ने अपनी उम्मीदवारी के ऐलान के साथ ही चुनाव प्रचार भी शुरू कर दिया था.

कल्पिता साल 2021 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भी बीजेपी के ही टिकट पर चुनाव मैदान में उतरी थीं. हालांकि, तब उन्हें प्रतिद्वंद्वी तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के उम्मीदवार से कड़े मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा था. हार के बावजूद पार्टी ने उन पर भरोसा बनाए रखा और इस बार वही भरोसा जीत में बदल गया.

Advertisement

घरेलू काम से लेकर चुनावी मैदान तक का उनका सफर बेहद साधारण जीवन से उठकर जनता के बीच अपनी जगह बनाने की कहानी है. चुनाव प्रचार के दौरान भी वह घर-घर जाकर लोगों से जुड़ती रहीं और अपने संघर्ष को ही अपनी ताकत बनाकर पेश करती रहीं.

बता दें कि भारतीय जनता पार्टी में बंगाल में पहली बार जीत हासिल की है. परिणामों के अनुसार BJP ने राज्य में स्पष्ट बढ़त हासिल कर लिया है और सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है. BJP को कुल 206 सीटों पर जीती हैं.

वहीं दूसरी ओर, तृणमूल कांग्रेस (All India Trinamool Congress) को इस चुनाव में झटका लगा है. पार्टी को 80 सीटों पर जीत मिली है और एक सीट पर वह आगे चल रही है, यानी कुल मिलाकर उसके खाते में 81 सीटें जाती दिख रही हैं. कांग्रेस को सिर्फ 2 सीटें मिली हैं, जबकि AJUP भी 2 सीटों तक ही सीमित रही. वाम दल CPI(M) को 1 सीट और AIF को भी 1 सीट पर संतोष करना पड़ा है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement