प्रयागराज माघ मेला: गणतंत्र दिवस पर स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने फहराया तिरंगा, लेकिन संगम स्नान पर अभी क्रोध बरकरार

प्रयागराज माघ मेले में प्रशासन से विवाद के बाद स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद शिविर के बाहर धरने पर हैं. गणतंत्र दिवस पर उन्होंने समर्थकों संग तिरंगा फहराया. पदवी विवाद और दुर्व्यवहार के आरोपों के बीच सियासत तेज है. स्वामी का संकल्प है कि माफी मांगे जाने तक वे संगम स्नान और शिविर में प्रवेश नहीं करेंगे.

Advertisement
स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने 26 जनवरी को फहराया तिरंगा (Photo- ITG) स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने 26 जनवरी को फहराया तिरंगा (Photo- ITG)

संतोष शर्मा

  • प्रयागराज ,
  • 26 जनवरी 2026,
  • अपडेटेड 12:51 PM IST

प्रयागराज माघ मेला में मौनी अमावस्या के दिन हुए विवाद के बाद से स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है. वह अपने शिविर के बाहर ही 'धरने' पर बैठे हैं. इस बीच गणतंत्र दिवस के मौके पर यानी 26 जनवरी को उन्होंने शिविर के बाहर तिरंगा फहराया. इस दौरान काफी साधु-संत और उनके समर्थक मौजूद रहे जिन्होंने मिलकर राष्ट्रगान गाया. 

Advertisement

आपको बता दें कि प्रयागराज में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच हफ्ते भर से अधिक समय से विवाद जारी है. इसको लेकर प्रशासन अविमुक्तेश्वरानंद को नोटिस भी भेज चुका है. उनके 'शंकराचार्य' की पदवी पर भी सवाल खड़ा किया गया है. इन सबके बीच जमकर सियासत हो रही है. विपक्ष यूपी सरकार को घेर रहा है. वहीं, डिप्टी सीएम सीएम केशव मौर्य ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद से विवाद खत्म करने की अपील की है.

वहीं, अविमुक्तेश्वरानंद का कहना है कि पुलिस-प्रशासन ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया है. जब तक माफी नहीं मांगी जाएगी वो संगम स्नान नहीं करेंगे और ना ही अपने शिविर में जाएंगे. वो रोज सरकार के खिलाफ बयान दे रहे हैं. इसको लेकर संत समाज भी दो धड़ों में बंटा नजर आ रहा है. 

शिविर के बाहर हंगामा 

Advertisement

माघ मेला क्षेत्र के सेक्टर-4 में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के शिविर पर 24 जनवरी की शाम कथित तौर पर हमला करने की कोशिश की गई. असामाजिक तत्वों ने शिविर के पास आक्रामक नारेबाजी की. इस घटना के बाद अविमुक्तेश्वरानंद की सुरक्षा को लेकर प्रशासन के पास लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है. शिकायत में अज्ञात तत्वों के खिलाफ FIR दर्ज करने और शिविर के पास स्थाई पुलिस बल तैनात करने की मांग की गई है. चेतावनी दी गई है कि यदि भविष्य में कोई अप्रिय घटना होती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी मेला और पुलिस प्रशासन की होगी.

कांग्रेस ने लिखा पत्र 

इस बीच कांग्रेस नेता और पूर्व एमएलसी दीपक सिंह ने स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद को एक चिट्ठी लिखी है. दीपक सिंह ने अपने पत्र में स्वामी जी की सुरक्षा करने की इच्छा जाहिर की है. उनकी संस्था से जुड़े 150 कार्यकर्ता दिन-रात अविमुक्तेश्वरानंद की सुरक्षा में समर्पित रहेंगे. 50/50 कार्यकर्ताओं की तीन टुकड़ियां 8 घंटे की शिफ्ट में तैनात करने का प्रस्ताव भेजा गया है. 

सीसीटीवी लगाए गए 

फिलहाल, स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के पूरे शिविर में सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं. सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए 8 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जो शिविर के अंदरूनी हिस्सों से लेकर मुख्य गेट तक की निगरानी कर रहे हैं. विशेष रूप से 7 से अधिक कैमरे केवल उनके प्रवेश द्वार और पालकी की सुरक्षा के लिए तैनात हैं. पंडाल से लेकर पालकी तक की हर गतिविधि अब तीसरी आंख की जद में है, जिससे पूरे परिसर को सुरक्षित कर दिया गया है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement