यूपी के मुरादाबाद में हिंदू कॉलेज में छात्र पर पेट्रोल डालकर आग लगाने की सनसनीखेज घटना में पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. आरोपियों ने पुलिस पूछताछ में स्वीकार किया है कि वे फरहाद अली की पढ़ाई में बेहतर प्रदर्शन और कॉलेज में बढ़ती लोकप्रियता से ईर्ष्या रखते थे. इसी ईर्ष्या के चलते उन्होंने इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया.
पुलिस के अनुसार, आरोपी फरहाद अली को जलाकर उसका वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट करना चाहते थे, ताकि कॉलेज में उनकी पहचान बन सके. फरहाद परीक्षा में अच्छे अंक लाता था और शिक्षकों व छात्रों के बीच उसकी अच्छी छवि थी, जिससे आरोपी खुद को उपेक्षित महसूस कर रहे थे.
हरथला, सिविल लाइंस निवासी 21 वर्षीय फरहाद अली हिंदू कॉलेज में बीकॉम का छात्र है. गुरुवार को वह बीकॉम थर्ड सेमेस्टर की परीक्षा देने कॉलेज पहुंचा था. परीक्षा समाप्त होने के बाद जब वह गैलरी में अपने साथियों के साथ खड़ा था, तभी दो युवकों ने उस पर पेट्रोल डालकर लाइटर से आग लगा दी. इस हमले में फरहाद गंभीर रूप से झुलस गया.
एसपी सिटी कुमार रणविजय सिंह ने बताया कि इस मामले में सिविल लाइंस क्षेत्र के चंद्र नगर रेलवे कॉलोनी निवासी आरुष उर्फ आयुष उर्फ अनुराग और कटघर थाना क्षेत्र के गोविंद नगर निवासी दीपक को गिरफ्तार किया गया है. दोनों आरोपी हिंदू कॉलेज के ही छात्र हैं- आरुष बीए और दीपक बीकॉम का छात्र है.
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर पेट्रोल की बोतल, लाइटर और फरहाद की जली हुई पैंट बरामद की है. शुक्रवार शाम दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया.
घटना के बाद कॉलेज प्रशासन ने भी सख्त रुख अपनाया है. प्रॉक्टोरियल कमेटी की बैठक के बाद आरोपी छात्र अनुराग को कॉलेज से निष्कासित कर दिया गया है. वहीं दूसरे आरोपी दीपक को नोटिस जारी कर 12 जनवरी को स्पष्टीकरण देने के लिए तलब किया गया है.
जगत गौतम