अमेरिका सहित कई देश ये सवाल उठा रहे हैं कि चीन ने कोरोना वायरस को लेकर सही तस्वीर पेश नहीं की. चीन पर आरोप है कि उसने वुहान में कोरोना से हुई मौत का आंकड़ा कम करके दिखाया. वहीं, डेली मेल की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि वुहान का सच उजागर करने की कोशिश करने वाले तीन सिटिजन जर्नलिस्ट करीब 2 महीने से गायब हैं. (फोटो में बाएं से चेन किउशी, फैंग बिंग और ली जेहुआ)
ब्रिटिश मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, व्हिसल ब्लोअर चेन किउशी, फैंग बिंग और ली जेहुआ का गायब होना रहस्य बना हुआ है. तीनों ने ही वुहान को लेकर रिपोर्टिंग की थी. फरवरी के बाद से इन्हें नहीं देखा गया. वहीं, किसी चीनी अधिकारी ने इन लोगों के गायब होने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है.
इन लोगों ने यूट्यूब और ट्विटर पर वीडियो अपलोड किए थे. हालांकि, ये दोनों ही माध्यम चीन में आधिकारिक रूप से बैन हैं. इनके एक वीडियो में देखा गया था कि वुहान के हॉस्पिटल में इतने अधिक मरीज आ गए कि जगह कम पड़ गई है.
34 साल के चेन से आखिरी बार 6 फरवरी को अपडेट मिला था. उन्होंने बताया था कि वुहान में लॉकडाउन होने से कुछ ही दिन पहले वे शहर में पहुंच गए थे. दुनिया को सच दिखाने के मकसद से वे वुहान गए थे.
वहीं, वुहान के ही रहने वाले फैंग बिंग भी 9 फरवरी से गायब हैं. उन्होंने भी वुहान के कई वीडियो अपलोड किए थे. उनके एक वीडियो में देखा गया था कि एक बस में शवों को लादा जा रहा है.
तीनों ही व्हिसल ब्लोअर में ली जेहुआ की उम्र सबसे कम है. 25 साल के ली हाई प्रोफाइल रिपोर्टर रहे हैं. वे चीन की सीसीटीवी मीडिया कंपनी के साथ काम कर चुके थे. नौकरी छोड़ने के बाद वे वुहान से स्वतंत्र रूप से रिपोर्टिंग कर रहे थे. ऐसा कहा जा रहा है कि 26 फरवरी के बाद से उन्हें नहीं देखा गया है.
रेडियो फ्री एशिया की रिपोर्ट के मुताबिक, गायब होने से कुछ वक्त पहले ही ली जेहुआ ने वुहान में कई संवेदनशील जगहों का दौरा किया था. इनमें एक शवदाह गृह भी शामिल था जहां शवों को उठाने के लिए अतिरिक्त स्टाफ की तैनाती की गई थी.