भारत इस साल AI Impact Summit 2026 होस्ट कर रहा है. यह इंटरनेशनल लेवल का बड़ा इवेंट है जहां दुनिया भर के देश AI के रोल और आने वाले समय में इसके असर पर चर्चा कर रहे हैं. इसे जबरदस्त रेस्पॉन्स मिल रहा है.
सरकार इसे दुनिया के सबसे बड़े AI इवेंट्स में से एक बता रही है. लेकिन पहले दिन का अनुभव कई लोगों के लिए उम्मीद से कमजोर रहा. पहले दिन एंट्री, सिक्योरिटी और कम्युनिकेशन को लेकर कन्फ्यूजन दिखा. भारी भीड़ की वजह से कई जगह जाम जैसे हालात बन गए.
कई एग्जिबिटर्स ने सिक्योरिटी चेक और मूवमेंट में देरी को लेकर नाराज़गी जताई. विजिटर्स को लंबे समय तक लाइन में लगना पड़ा.कई लोगों ने कहा कि अगर समिट में आ रहे हैं तो कम से कम दो घंटे एक्स्ट्रा लेकर आएं, क्योंकि भीड़ और हाई इंटरेस्ट की वजह से देरी होना तय है.
दूसरे दिन माहौल पहले दिन से बेहतर रहा. वेलकम और मैनेजमेंट में सुधार दिखा. हालांकि भीड़ अब भी उम्मीद से ज्यादा रही. पूरा भारत मंडपम एग्जिबिशन एरिया लोगों से भरा दिखा. MeitY के सेक्रेटरी कृष्णन ने बताया कि करीब ढाई लाख लोग पहले ही रजिस्टर कर चुके थे, जो इस इवेंट को लेकर देश में दिख रहे उत्साह को दिखाता है.
दूसरे दिन तक रजिस्ट्रेशन का आंकड़ा तीन लाख तक पहुंच गया, जिसकी पुष्टि अश्विनी वैष्णव ने की. भारी रिस्पॉन्स की वजह से समिट की वेबसाइट ने नए ऑन-साइट रजिस्ट्रेशन रोक दिए. कैपेसिटी लिमिट की वजह से कई लोगों को एंट्री नहीं मिल पाई. सरकार ने लोगों से कहा कि जो वेन्यू तक नहीं पहुंच पा रहे हैं, वे सेशंस को ऑनलाइन लाइव देखें.
हिस्सा ले रहे हैं 600 स्टार्टअप्स
भारत मंडपम में करीब 600 स्टार्टअप्स अपने AI सॉल्यूशंस दिखा रहे हैं. 13 देशों के पवेलियन भी लगाए गए हैं. अलग-अलग मंत्रालय और सरकारी विभाग भी यहां मौजूद हैं. पवेलियन में उनकी बड़ी-बड़ी टीमें मौजूद हैं. भारी सिक्योरिटी, ऑन-साइट एडमिन स्टाफ, क्लीनिंग टीम और मैनेजमेंट के लोग भी बड़ी संख्या में तैनात हैं. इन सबके साथ विजिटर्स की भीड़ मिलकर रोज़ का फुटफॉल बहुत ज्यादा हो गया है.
टेक्नोलॉजी में दिलचस्पी रखने वाले बड़ी संख्या में स्टूडेंट्स यहां पहुंचे हैं. हरियाणा, राजस्थान, दिल्ली और उत्तर प्रदेश से रिसर्चर्स और स्टूडेंट्स भारत मंडपम पहुंचे. कई लोगों ने हफ्तों पहले रजिस्ट्रेशन कर लिया था ताकि इस ग्लोबल इवेंट को करीब से देख सकें.
पहले दिन कई स्टूडेंट्स और विजिटर्स ने मिसमैनेजमेंट की शिकायत की थी. लेकिन दूसरे दिन माहौल थोड़ा बेहतर दिखा. लोग ज्यादा पॉजिटिव नजर आए. हालांकि पवेलियन एरिया के रास्ते तंग होने की वजह से भीड़ ज्यादा महसूस हो रही थी. हर कोई स्टार्टअप्स, नए AI टूल्स और डेमो देखने के लिए रुक रहा था.
दो हिस्सों में बंटा है इवेंट
इवेंट को दो हिस्सों में बांटा गया है. मेन भारत मंडपम बिल्डिंग में सरकार और इंटरनेशनल डेलिगेशन की मीटिंग्स और कॉन्फ्रेंस चल रही हैं. वहीं पवेलियन एरिया में आम विजिटर्स और स्टूडेंट्स की सबसे ज्यादा भीड़ दिख रही है. लोग AI से जुड़े नए इनोवेशन, प्रोडक्ट्स और स्टार्टअप्स देखने के लिए यहां उमड़ रहे हैं.
कुल मिलाकर, AI Impact Summit 2026 में उमड़ी भीड़ यह दिखाती है कि इंडिया में AI को लेकर जिज्ञासा कितनी तेजी से बढ़ रही है.
लोग सिर्फ सुनना नहीं चाहते, देखना और समझना चाहते हैं कि दुनिया में AI कहां पहुंच चुका है. भारी भीड़ और शुरुआती अव्यवस्था के बावजूद यह इवेंट यह साफ संकेत देता है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस अब सिर्फ टेक लोगों का विषय नहीं रहा, बल्कि आम लोगों की दिलचस्पी का भी हिस्सा बन चुका है.
आशुतोष मिश्रा