अलवर के सरिस्का क्षेत्र में विदेशी पशु चिकित्सकों का अनोखा अंदाज सामने आया है. वाइल्डलाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया की तरफ से सरिस्का में पशु चिकित्सा की विशेष ट्रेनिंग कराई जा रही है. इस ट्रेनिंग में 20 से ज्यादा देशों के 40 से 50 पशु चिकित्सक हिस्सा ले रहे हैं.
सरिस्का के डीएफओ अभिमन्यु सहरन ने बताया कि यह 18 दिनों की ट्रेनिंग 9 फरवरी से शुरू हुई है और 27 फरवरी तक चलेगी. इस दौरान डॉक्टरों की टीम जंगल के अलग-अलग हिस्सों में जाकर वन्यजीवों के भोजन, शौच और उनकी परेशानियों का अध्ययन कर रही है. साथ ही रिसर्च भी की जा रही है.
सरिस्का में विदेशी पशु चिकित्सकों की 18 दिनों की विशेष ट्रेनिंग
ट्रेनिंग के दौरान विदेशी महिला डॉक्टरों की एक टीम सरिस्का के जंगल में बसे हरिपुरा गांव पहुंची. यहां उन्होंने ग्रामीण जीवन को करीब से देखा और समझा. गांव की महिलाओं ने उनका स्वागत किया और राजस्थानी संस्कृति से परिचय कराया.
विदेशी डॉक्टरों को राजस्थानी पहनावा और खान-पान काफी पसंद आया. उन्होंने घाघरा और लुगड़ी पहनकर खुद को पूरी तरह राजस्थानी रंग में ढाल लिया. इसके बाद उन्होंने गांव की महिलाओं के साथ राजस्थानी और हरियाणवी गानों पर जमकर डांस किया और ठुमके लगाए.
राजस्थानी और हरियाणवी गानों पर ग्रामीण महिलाओं संग लगाए ठुमके
इन खास पलों को टूरिस्ट गाइड, ड्राइवर और वाइल्डलाइफ टीम ने कैमरे में कैद किया. वीडियो सामने आने के बाद लोगों के बीच यह काफी पसंद किया जा रहा है. विदेशी डॉक्टरों का यह अनोखा अंदाज सरिस्का में चर्चा का विषय बन गया है.
हिमांशु शर्मा