रातभर की 'मौत'! परिवार में मची रही चीख पुकार, अंतिम संस्कार से पहले जिंदा हो गई महिला

अलवर जिले में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां मृत घोषित की गई 65 वर्षीय महिला अंतिम संस्कार से ठीक पहले जिंदा पाई गई. परिजन अंतिम यात्रा की तैयारी कर रहे थे, तभी महिला के शरीर में हलचल दिखी. आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया, जहां अब उनकी हालत में सुधार बताया जा रहा है.

Advertisement
परिवार में मची थी चीख पुकार, सुबह जिंदा हो गई महिला (Photo: itg) परिवार में मची थी चीख पुकार, सुबह जिंदा हो गई महिला (Photo: itg)

हिमांशु शर्मा

  • अलवर ,
  • 08 मई 2026,
  • अपडेटेड 4:29 PM IST

राजस्थान में अलवर सीमा क्षेत्र के अजबगढ़ के समीप स्थित रामजी का ग्वाडा गांव में एक ऐसा घटनाक्रम सामने आया जिसने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया. यहां डॉक्टरों ने एक 65 साल की बुजुर्ग महिला चमेली देवी को मृत घोषित कर दिया था जिसके बाद परिजनों और ग्रामीणों में मातम परस गया था. रिश्तेदारों को सूचना दे दी गई और सुबह अंतिम संस्कार की तैयारियां भी शुरू हो गईं. लेकिन अंतिम दर्शन से ठीक पहले महिला के शरीर में हलचल होने लगी. यह दृश्य देखकर घर में अफरा-तफरी मच गई. इस घटना ने सभी को चौंका कर रख दिया है.

Advertisement

सांसें इतनी धीमी हुईं की मान लिया मृत

परिजन तुरंत महिला को दौसा जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उन्हें ICU में भर्ती कर उपचार शुरू किया. अब महिला की हालत में सुधार बताया जा रहा है. महिला के पुत्र बाबूलाल मीणा ने बताया कि मंगलवार रात अचानक उनकी मां की तबीयत बिगड़ गई थी. कुछ देर बाद शरीर में कोई हरकत नहीं हो रही थी और सांसें इतनी धीमी पड़ गईं कि सभी ने उन्हें मृत मान लिया.

रातभर घर में रही 'लाश'

इसके बाद उन्हें चारपाई से उतारकर जमीन पर लिटा दिया गया और रिश्तेदारों को सूचना भेज दी गई. रातभर गांव में शोक का माहौल बना रहा. सुबह जब अंतिम यात्रा की तैयारियां चल रही थीं और लोग अंतिम दर्शन के लिए पहुंचने लगे, तभी महिला के पैरों में हल्की हरकत दिखाई दी. पहले किसी को विश्वास नहीं हुआ, लेकिन दोबारा शरीर में मूवमेंट होने पर परिजनों के होश उड़ गए. आनन-फानन में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया.

Advertisement

महिला के ब्लड में आया जरा सा इंफेक्शन

दौसा जिला अस्पताल के पीएमओ डॉ. आर.के. मीणा ने बताया कि महिला की सांसें बेहद धीमी हो गई थीं, जिसके कारण उन्हें मृत समझ लिया गया. अस्पताल में सीटी स्कैन सहित अन्य जांच करवाई गई हैं. सीटी स्कैन रिपोर्ट सामान्य आई है, लेकिन ब्लड में संक्रमण की शिकायत सामने आई है. महिला को ICU में भर्ती कर उपचार किया जा रहा है और उनकी हालत पहले से बेहतर है. डॉक्टरों के अनुसार अब महिला चल-फिर भी रही है. 

परिजनों ने बताया कि चमेली देवी को पहले से सांस संबंधी तकलीफ थी. उन्हें 2 अप्रैल 2026 को जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल में भर्ती कराया गया था और 3 मई को छुट्टी मिली थी. इसके बाद 4 मई की रात अचानक तबीयत बिगड़ गई. परिवार का कहना है कि यह किसी चमत्कार से कम नहीं है. डॉक्टरों का कहना है कि कई गंभीर बीमारियों में शरीर की गतिविधियां अत्यंत धीमी हो जाती हैं, ऐसे में बिना मेडिकल वेरिफिकेशन किसी को मृत मान लेना खतरनाक साबित हो सकता है.
 

---- समाप्त ----

TOPICS:
Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement